न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
सपा एवं बसपा गठबंधन में मुस्लिम राजनैतिक दलों को शामिल नहीं करने पर एएमयू छात्र संघ के पदाधिकारियों से एतराज जताया है।
छात्र संघ अध्यक्ष सलमान इम्तियाज, उपाध्यक्ष हमजा सुफयान एवं सचिव हुजैफा आमिर ने कहा कि मुसलमानों ने हमेशा सपा एवं बसपा का समर्थन किया है, लेकिन दोनो दलों ने मुसलमानों को सिर्फ वोट बैंक समझा है।
अखिलेश यादव ने मुस्लिम आरक्षण का वादा पूरा नहीं किया। मुजफ्फरनगर दंगा उन्हीं के शासनकाल में मुसलमानों ने झेला है। दोनो पार्टी के नेताओं को लिखा है कि धर्म निरपेक्षता एवं सांप्रदायिक सद्भाव के ताने बाने की रक्षा करनी चाहते हैं तो मुसलमानों को सत्ता में बराबरी की हिस्सेदारी दें। दोनों दलों ने मुसलमानों के तमाम बुनियादी मसलों पर अपना रुख स्पष्ट नहीं किया तो छात्र संघ अन्य विकल्पों की तलाश करेगा।