न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकारी जमीन, पोखर, तालाब, चारागाह, चकरोड, सड़क, गली आदि पर कब्जा करने के मामले में एक बार फिर से एंटी भू माफिया टास्क फोर्स द्वारा अब तक की गई कार्रवाई का विवरण तलब किया है। जिन पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है, उनकी सूचना भी दी जाएगी।
जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने इस संबंध में तहसीलवार सूचनाएं एकत्र करने का आदेश कर दिया है। ये सूचनाएं सभी तहसीलों से मांगी गई हैं। टॉप टेन भू माफिया इस सूची में शामिल किए जाएंगे। तहसील गभाना, अतरौली, इगलास, खैर और कोल के एसडीएम इस सूचना को प्रेषित करेंगे। शहर की जमीन का विवरण नगर निगम प्रशासन को देना है।
कुछ दिन पहले ही नगर निगम प्रशासन ने गूलर रोड पोखर प्रकरण में जमीन कब्जाने के प्रकरण में शहर के नामचीन एक्सपोर्टर रमेश चंद्र सिंघल, उनके बेटे प्रशांत सिंघल, निशांत सिंघल के नाम से पुलिस रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जिसके बाद पूरे जिले की सियासत गरमा गई थी। सांसद सतीश गौतम ने सिंघल बंधुओं को सम्मानित परिवार बताते हुए कहा था कि वह किसी व्यापारी का बेवजह उत्पीड़न नहीं होने देंगे। खुद प्रशांत सिंघल ने अपना पक्ष स्पष्ट किया था कि इस प्रकरण में उनको अदालत से राहत मिल चुकी है।
खैर, नगर निगम की टॉप टेन भू माफिया सूची में प्रमुख एक्सपोर्टर रमेश चंद्र सिंघल पुत्र रघुनाथ सिंघल, प्रशांत सिंघल पुत्र रमेश चंद्र सिंघल, निशांत सिंघल पुत्र रमेश चंद्र सिंघल, राधे लाल, अशोक कुमार, शमशार निसार, मो. शरीफ, दीपेंद्रपाल सिंह, सुरेश चंद्र गर्ग, शिव दयाल, विजय सिंह, ओम प्रकाश और निरंजन के नाम शामिल हैं। इस सूची के बाबत नगर निगम के कर निर्धारण अधिकारी संजीव सिन्हा ने बताया कि जिस पटल से सूचना भेजी गई है वही पटल इस संबंध में कुछ बता सकता है। व्यक्तिगत रूप से उनको इस सूची के बाबत स्पष्ट रूप से कुछ पता नहीं। कलेक्ट्रेट के डीएलआरसी सत्य प्रकाश शर्मा ने कहा कि सभी तहसीलों से सूचना मांगी जा रही है। जल्द ही सूचना भेजी जाएगी।
शासन के निर्देश पर सभी जनपदों के तहसीलवार टॉप टेन भू माफियाओं की सूचना मांगी गई है। सूचना एकत्र की जा रही है। जल्द ही भूजी जाएगी। -आरएन शर्मा, अपर जिलाधिकारी प्रशासन