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UP Assembly Session: अखिलेश का सरकार पर तंज, अगर कुछ न हो सकता है तो कम से कम 'सांड सफारी' ही बना लें

Fri, 11 Aug 2023 01:42 PM IST
विजय पुंडीर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ

सार

अखिलेश यादव ने आवारा पशुओं के मुद्दे को जोर से उठाया। उन्होंने सरकार से सवाल किया कि आप इस पर काम क्यों नहीं कर रहे हैं। क्या आपके पास बजट की कमी है। अगर कुछ नहीं हो सकता है तो कम से कम सांड सफारी ही बना लें।
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यूपी विधानसभा में अखिलेश यादव - फोटो : ANI
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विस्तार
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विधानसभा में पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने योगी सरकरा पर हमला बोला। उन्होंने महंगाई को लेकर योगी सरकार पर निशाना साधा। अखिलेश यादव ने विधानसभा में आवारा पशुओं का मुद्दा उठाया। इसी के साथ ही उन्होंने आलू और मंडी का मुद्दा उठाया। उन्होंने अंडे की मार्केट को लेकर भी सरकार को घेरा। 

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अखिलेश यादव ने आवारा पशुओं का मुद्दा उठाया
अखिलेश यादव ने आवारा पशुओं के मुद्दे को जोर से उठाया। उन्होंने सरकार से सवाल किया कि आप इस पर काम क्यों नहीं कर रहे हैं। क्या आपके पास बजट की कमी है। अगर कुछ नहीं हो सकता है तो कम से कम सांड सफारी ही बना लें।

'सांड के हमले से कई जिलों में लोगों की जान गई'
अखिलेश यादव ने कहा कि ऐसा कोई जिला नहीं बचा जहां पर सांड से किसी की जान न गई होगी। संभल, मुरादाबाद, चंदौसी, हसनपुर और कितने नाम बताऊं आपको जहां सांड के हमले से जान न गई हो।
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अखिलेश यादव ने उठाया गुलदार और टाइगर का मुद्दा
इसके साथ ही अखिलेश ने गुलदार और टाइगर का मुद्दा उठाया। उनका कहना था कि किसान इस कारण से खेतों में काम नहीं कर पा रहा है। इन्होंने कम से कम 40 लोगों की जान ली और अभी तो मैं साड़ की बात नहीं कर रहा। अगर किसान डर के कारण छह सात महिने से किसान खेत में नहीं जा  पा रहे हैं तो ये सरकार कर क्या रही है? इससे संबंधित विभाग कर क्या रहा है?

'पीलीभीत टाइगर रिजर्व में कई लोगों की जान गई'
अखिलेश ने कहा कि पीलीभीत टाइगर रिजर्व में कई लोगों की जान चली गई। आखिर सरकार कर क्या रही है। समाजवादी सरकार में उन्हें सरकार की ओर से मुआवजा देती थी वो भी 10 से  15 लाख रुपये।

अखिलेश यादव ने उठाया गुलदार और टाइगर का मुद्दा
इसके साथ ही अखिलेश ने गुलदार और टाइगर का मुद्दा उठाया। उनका कहना था कि किसान इस कारण से खेतों में काम नहीं कर पा रहा है। इन्होंने कम से कम 40 लोगों की जान ली और अभी तो मैं साड़ की बात नहीं कर रहा। अगर किसान डर के कारण छह सात महिने से किसान खेत में नहीं जा  पा रहे हैं तो ये सरकार कर क्या रही है? इससे संबंधित विभाग कर क्या रहा है?

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