उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने शनिवार को पूर्व मुख्यमंत्री और बसपा सुप्रीमो मायावती पर तीखे हमले किए।
कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर अखिलेश ने मायावती को जवाब दिया कि उन्हें यूपी इतना खराब लगता है तो यहां न आएं।
मायावती ने जहां सरकारी और गैर-सरकारी पदों पर यादवों की तैनाती और कानून-व्यवस्था पर सरकार को घेरने की कोशिश की, तो अखिलेश यादव ने पलटवार करते हुए बसपा शासनकाल में मंत्रियों और नेताओं की वसूली और मायावती की तानाशाही को मुद्दा बनाया।
उन्होंने साफ कहा, बसपा सरकार ने प्रदेश का माहौल खराब किया। प्रदेश में पांच साल तानाशाही रही। पांच साल में बसपा एक भी मेडिकल कॉलेज नहीं खोल पाई।
मौजूदा और पूर्व मुख्यमंत्री के बीच आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला शनिवार सुबह ही शुरू हो गया था। अखिलेश यादव जब आईटी कॉलेज में लैपटॉप बांट रहे थे, तो मायावती उसी समय अपने आवास पर मीडिया से मुखातिब थीं।
उन्होंने मीडिया से कहा, कानून-व्यवस्था की जितनी बदहाली दिखाते हैं, हालात उससे कहीं ज्यादा बदतर हैं। मायावती का यह भी आरोप था, हकीकत छिपाने के लिए सपा सरकार लैपटॉप बांट रही है। उधर, आईटी कॉलेज के बाद लखनऊ विश्वविद्यालय पहुंचे मुख्यमंत्री ने माया के आरोपों का जवाब दिया।