भाजपा के फ्रायर ब्रांड नेता वरुण गांधी ने यहां सूबे की सरकार खासकर मुख्यमंत्री अखिलेश पर जमकर निशाना साधा। प्रदेश की खस्ता हालत के लिए अखिलेश को जिम्मेदार ठहराया।
उन्होंने कहा कि पार्टी राम के नाम पर नहीं बल्कि भाजपा की विचारधारा और विकास के नाम पर वोट मांगेगी। वरुण अकोला में 15 सितंबर को होने वाली स्वाभिमान रैली के स्थगित होने से मायूस कार्यकर्ताओं की हौसला अफजाई करने यहां आए थे।
शनिवार को सूरसदन में आयोजित कार्यक्रम में माइक संभालते ही वरुण ने अपनी मंशा स्पष्ट कर दी। कहा, डेढ़ वर्ष पूर्व एक नौजवान ने प्रदेश की सत्ता संभाली थी तब उम्मीद जगी थी कि कुछ बदलेगा लेकिन प्रदेश जल रहा है।
उन्होंने कहा कि लगभग 30 से अधिक बड़े दंगे हो चुके हैं। 10 जिलों में धारा 144 लागू है। अखिलेश ने एक वर्ष में 15 लाख लोगों को नौकरी देने का वादा किया था लेकिन 15 लोगों को भी नहीं दी। यह जरूर है कि अपने परिवार के बचेखुचे लोगों के लिए रोजगार का इंतजाम कर दिया है।
अगले लोकसभा में सपा अपने मौजूदा सीटों की पचास फीसदी भी नहीं बचा पाएगी। मुजफ्फरनगर दंगे के संबंध में उन्होंने कहा कि मैं हर तरह के अत्याचार के खिलाफ हूं। फिर चाहे वह हिंदू के साथ हो या मुसलमान के।
वरुण ने कहा कि लोकसभा चुनाव के संबंध में कहा कि जिस मुख्यमंत्री ने अपने प्रदेश को बुलंदियों पर पहुंचा दिया उनके नाम और पार्टी की विचारधारा पर वोट मांगेंगे।
उन्होंने कहा कि मैं समीकरणों (जातिवादी) का पक्षधर नहीं हूं। सभी को साथ लेकर चलना चाहता हूं। सपा और बसपा आपकी वोटों के आधार पर दिल्ली पहुंचकर मुकदमों से बचने के लिए सौदेबाजी करती हैं। पूरे भाषण के दौरान वरुण ने केंद्र की यूपीए के सरकार के बारे में कुछ भी नहीं कहा।