अभिनेत्री भूमि पेडनेकर ने सम्मानित किया
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हाल ही में आई टॉयलेट एक प्रेम कथा की कहानी तो आपको याद होगी। फिल्म में दिखाया गया है कि कैसे एक महिला शौचालय न होने पर ससुराल छोड़ देती है और फिर शौचालय बनने के बाद ही ससुराल में कदम रखती है। ये तो एक कहानी थी लेकिन आगरा के बमरौली कटारा में हकीकत में एक महिला की सोच ने पूरे गांव की तस्वीर बदल दी।
नौ साल पहले इस महिला ने ससुराल में शौचालय न होने पर शादी से इनकार कर दिया। इसके बाद ससुराल वालों को शौचालय बनाना पड़ा जिसके बाद वह शादी को तैयार हुईं। मगर, गांव के तमाम अन्य घरों में शौचालय न होने की पीड़ा ने उन्हें एक नया लक्ष्य दिया। वह प्रधानी के चुनाव में खड़ी हो गईं।
चुनाव जीतकर उन्होंने गांव में 500 से अधिक शौचालय निर्माण कराकर एक मिसाल पेश की। ये महिला है बमरौली कटारा गांव की प्रधान कल्पना कटारा। स्वच्छता के लिए उत्कृष्ट कार्य करने के लिए सोमवार को दिल्ली में एक समाचार चैनल के कार्यक्रम में उन्हें टॉयलेट एक प्रेम कथा फेम अभिनेत्री भूमि पेडनेकर ने सम्मानित किया।
जिद के बाद मान गए ससुरालीजन
प्रधान कल्पना कटारा बताती हैं, नौ वर्ष पहले ग्राम पंचायत बमरौली कटारा में शादी तय हुई थी। ससुराल में शौचालय न होने की बात पता चली तो रिश्ते का विरोध किया और ससुराल वालों से शौचालय बनवाने के बाद ही शादी करने की शर्त रखी। इसके बाद ससुराल वालों ने शर्त मान शौचालय का निर्माण कराया।
कल्पना के कदम पर जागीं और महिलाएं
पति जयकिशन कटारा कहते हैं, जब पत्नी की इस शर्त के बारे में गांव के लोगों को पता चला तो उन्होंने भी अपनी बहुओं के लिए शौचालय का निर्माण कराया। शादी के बाद से ही वह गांव में लोगों को सफाई के लिए प्रेरित करने लगी। इस खबर से गांव के लोग भी काफी खुश हैं। कल्पना कटारा को सम्मानित करने वाली अभिनेत्री भूमि पेडनेकर ने भी उनकी काफी सराहना की।
आगरा के सीडीओ रविंद्र कुमार मांदड़ का कहना है कि प्रधान कल्पना कटारा को स्वच्छता के क्षेत्र में सम्मान मिलना हमारे लिए काफी गर्व की बात है। कल्पना की कहानी अन्य महिलाओं को प्रेरित कर रही है। इस प्रकार की महिलाओं का हम जिलास्तर पर भी सम्मान करेंगे।