मथुरा के थाना कोसीकलां क्षेत्र में पैगांव के प्रधान रामवीर सिंह की हत्या के बाद ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया। मृतकों के परिजनों और ग्रामीणों ने आगरा-दिल्ली राजमार्ग पर जाम लगा दिया और हत्याकांड का खुलासा कर आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करने लगे। सूचना पर पुलिस बल के साथ एसपी ग्रामीण पहुंच गए। दोपहर ढाई बजे तक जाम नहीं खुल सका था, जिससे हाईवे पर वाहनों की कई किमी लंबी कतारें लग गईं। कैबिनेट मंत्री, डीएम नवनीत सिंह चहल, एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने लोगों को समझाकर जाम खुलवाया।
ग्राम पंचायत पैगांव के प्रधान रामवीर सिंह कैबिनेट मंत्री एवं छाता से भाजपा प्रत्याशी चौधरी लक्ष्मी नारायण के करीबी थे। वह इस चुनाव में मंत्री के प्रस्तावक थे। शनिवार की सुबह रामवीर सिंह कोकिलावन धाम में परिक्रमा कर शनिदेव के दर्शन करने गए थे। परिक्रमा मार्ग पर पहले से ही घात लगाए बैठे अज्ञात हमलावरों ने रामवीर पर ताबड़तोड़ गोलियां दाग दीं। उनके सिर में चार गोलियां लगी हैं। जिससे रामवीर की मौके पर ही मौत हो गई।
हत्या के विरोध में हाईवे जाम
परिक्रमा मार्ग पर अचानक गोलियां चलने से दहशत फैल गई। वहां मौजूद श्रद्धालु जब तक कुछ समझ पाते हमलावर भागने में सफल रहे। घटना के बाद इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक के परिजन और आसपास के गांव से ग्रामीण पहुंच गए। आक्रोशित ग्रामीणों ने हत्याकांड के विरोध में आगरा-दिल्ली राजमार्ग पर जाम लगा दिया। जानकारी मिलते ही बड़ी संख्या में लोग पहुंच गए और रास्ता जाम कर दिया। किसी तरह समझाकर जाम खुलवाया गया।
चौधरी लक्ष्मीनारायण ने कहा कि नामांकन के दौरान प्रस्तावक बनकर रामवीर का मेरे जीवन में आखिरी एहसान था। इस तरह की निर्मम हत्या इस इलाके में पहली बार हुई है। यह कहते-कहते वह भावुक हो गए। डीएम व एसएसपी ने कहा कि शीघ्र ही हत्यारों को गिरफ्तार किया जाएगा।