मैनपुरी के थाना कुर्रा क्षेत्र में यूपी पुलिस के निलंबित सिपाही ने बोलेरो लूट को अंजाम दिया। सोमवार की रात मुठभेड़ में पुलिस ने आरोपी को साथी सहित गिरफ्तार कर लिया। कार्रवाई के दौरान दो बदमाश भाग गए।
कानपुर देहात के थाना राजपुर क्षेत्र के गांव नगला भाता निवासी कौशलेंद्र की बोलेरो को कुछ बदमाशों ने ऑनलाइन बुक कराया था। 24 नवंबर की रात थाना कुर्रा क्षेत्र में चालक को बंधक बनाकर गाड़ी की लूट ली गई थी।
उक्त मामले में पुलिस बदमाशों की तलाश कर रही थी। इस बीर सोमवार की रात प्रभारी निरीक्षक अशोक कुमार, स्वाट टीम प्रभारी आरएन यादव ने सूचना पर पुलिस बल के साथ बिलिंदा पुल के पास बदमाशों की घेराबंदी की।
पुलिस टीम पर फायरिंग की
एसपी अजय कुमार पांडेय के अनुसार खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। अचानक हुए हमले से संभलते हुए पुलिस ने घेराबंदी कर दो लोगों को असलाह के साथ गिरफ्तार कर लिया।
इस बीच दो बदमाश अंधेरे का फायदा उठाकर भाग गए। पुलिस ने पकड़े गए युवकों के कब्जे से लूटी गई बोलेरो भी बरामद कर ली। एसपी अजय कुमार पांडेय ने बताया कि पकड़े गए आरोपियों ने ही बोलेरो लूट की वारदात की थी।
पकड़ा गया अनुज पुत्र यशपाल सिंह निवासी गांव नोरोजपुर गुर्जर थाना कोतवाली बागपत निलंबित सिपाही है। दूसरा साथी राहुल पुत्र वेदप्रकाश निवासी मोहल्ला खरगजीतनगर भी पकड़ा गया है। अरविंद पुत्र दाताराम निवासी गांव पीरपुर बिछवां और मुनेश पुत्र सुघर सिंह गांव नगला कैल थाना एलाऊ फरार हैं। पुलिस जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार कर जेल भेजेगी।
ट्रक लूट में हुआ था निलंबित
एसपी के अनुसार लूट का मास्टर माइंड सिपाही अनुज सिंह ने वर्ष 2011 में जनपद में प्रशिक्षण प्राप्त किया। इसके बाद कुरावली थाने में उसकी तैनाती रही। दन्नाहार क्षेत्र में एक ट्रक लूट के मामले में भी वो शामिल रहा था। फिरोजाबाद पुलिस ने उसे जेल भेजा था। लूट के दौरान करीब 30 लाख कीमत का तेल गायब हुआ था।
उक्त घटना के बाद ही उसे निलंबित कर दिया गया था। जेल से छूटकर आने के बाद उसने फिर से लूट की वारदात करना शुरू कर दिया। सिपाही पूर्व में एक ब्लाक प्रमुख का गार्ड भी रह चुका है। एसपी ने बताया कि सिपाही की हिस्ट्रीशीट खोले जाने के साथ ही गैंगस्टर की कार्रवाई की जाएगी। वहीं बर्खास्तगी की प्रक्रिया जल्द अमल में लाई जाएगी।