मैनपुरी। थाना किशनी क्षेत्र के गांव चतुरीपुर में गैंग चलाने वाले दो सगे भाइयों को स्पेशल जज (गैंगस्टर एक्ट) निधि ने पांच-पांच साल की सजा सुनाई है। उन पर पांच-पंाच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है।
थाना किशनी में तत्कालीन थानाध्यक्ष किशनी केशव सिंह भदौरिया ने वर्ष 2008 में किशनी के गांव चतुरीपुर निवासी राजवीर उर्फ अशोक यादव, रामवीर उर्फ पप्पू यादव के खिलाफ गैंग चलाकर अपराध करने, रुपया कमाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने जांच करके दोनों के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में भेज दी। मुकदमे की सुनवाई स्पेशल जज गैंगेस्टर एक्ट निधि की कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की ओर से वादी सहित गवाहों ने दोनों के खिलाफ कोर्ट में गैंग चलाकर अपराध करने की गवाही दी। अदालत ने राजवीर और रामवीर को गैंग चलाकर अपराध करने का दोषी पाया गया। एसपीओ दिलीप कुमार सोनकर ने उनको कड़ी सजा देने की दलील दी।
आजीवन कारावास की सजा
थाना किशनी के गांव चतुरीपुर में 19 फरवरी 2008 को राजवीर और रामवीर ने गंाव में फायरिंग करके महादेव की हत्या कर दी थी। महादेव के पुत्र वीरेंद्र को गंभीर चोटें आई थी। धीरेंद्र ने हत्या और जानलेवा हमला की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें दोनों भाइयों को आजीवन कारावास की सजा हो चुकी है। दोनों भाई जेल में बंद चल रहे हैं।
थैला छीनने के प्रयास की भी रिपोर्ट
एसपीओ दिलीप कुमार सोनकर ने बताया कि राजवीर और रामवीर ने 22 फरवरी 2008 को अशोक कुमार निवासी नगरिया भगी थाना ऊसराहार जिला इटावा को भयभीत करके रुपयों की मांग की। रुपया नहीं देने पर धमकाकर थैला छीनने का प्रयास किया। अशोक ने थाना किशनी में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
अलग-अलग जेल में भेजा
आजीवन कारावास की सजा भुगत रहा राजवीर मैनपुरी और रामवीर सेंट्रल जेल फतेहगढ़ में बंद हैं। दोनों को सोमवार को निर्णय सुनने के लिए लाया गया। सजा सुनाए जाने के बाद दोनों को वापस जेल भेजा गया है।