फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Agra News: हमले के दो दोषियों को 3-3 साल की कैद

Wed, 24 Apr 2024 02:25 AM IST
आगरा ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
विज्ञापन
विज्ञापन
मथुरा। जिला जज आशीष गर्ग की अदालत ने हमले के दो आरोपियों को दोषी करार देते हुए तीन-तीन साल कैद और 13-13 हजार रुपये जुर्माने की सजा मंगलवार को सुनाई। अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता डीजीसी फौजदारी शिवराम सिंह तरकर ने बताया कि दर्ज मुकदमे के अनुसार बरसाना के गांव देवीपुरा निवासी गौरव पुत्र ओमप्रकाश 11 जुलाई 2018 की सुबह घर के चबूतरे पर लेटा था, तभी गांव का रवि आया और गौरव को गाली देने लगा। राधे पुत्र दुलीचंद, भूषण उर्फ ब्रजभूषण पुत्र महेंद्र व चंदन भी आ गए। इन सभी ने गौरव के साथ लाठी-डंडों आदि से पिटाई की।
विज्ञापन

गौरव को बचाने उसका भाई विष्णु आया तो हमलावरों ने उसको भी पीटा। गौरव और विष्णु के सिर में गंभीर चोटें आईं। ओमप्रकाश ने राधे, भूषण उर्फ ब्रजभूषण, रवि व चंदन के खिलाफ बरसाना थाने में मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस ने विवेचना के बाद राधे व भूषण के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की। अन्य आरोपियों के नाम निकाल दिए। चार्जशीट के आधार पर कोर्ट में ट्रायल चला। साक्ष्यों व गवाही के आधार पर राधे व भूषण को कोर्ट ने दोषी पाया। दोनों को तीन-तीन वर्ष के कारावास और 13-13 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना राशि को पीड़ित गौरव व विष्णु को समान रूप से दिए जाने के आदेश दिया है।



मेडिकल कौंसलिंग एक्ट की दोषी डॉक्टर पर एक हजार का जुर्माना
कासगंज। न्यायालय विशेष अनुसूचित जाति जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम सुधाकर राय के न्यायालय ने मेडिकल कौंसलिंग एक्ट की दोषी डॉक्टर को 1000 के अर्थ दंड से दंडित किया। अर्थदंड अदा न करने पर सजा में अतिरिक्त कारावास का प्रावधान किया गया है।
विज्ञापन

रेलवे लोकाे पचपेड़ा निवासी अशोक कुमार की पत्नी राजवती के 2 जनवरी 2014 को पेट में दर्द होने पर परिजन अमांपुर अड्डा के निकट स्थित महिला डॉक्टर आशा के क्लीनिक पर ले गए। डॉक्टर ने पेट की सफाई कराने को बोला। सफाई करने के बाद दर्द की शिकायत बढ़ गई।
इसके बाद फिर से 6 जनवरी 2014 को महिला को डॉक्टर के पास ले जाया गया। कोई फायदा ने होने पर शहर के एक क्लीनिक पर महिला को दिखाया गया। चिकित्सक ने अलीगढ़ ले जाने की सलाह दी। अलीगढ़ चिकित्सक ने बताया कि इंफेक्शन से आंत बर्स्ट हो गई है। इसके बाद पति अशोक ने डॉक्टर आशा के पास जाकर शिकायत की तो उसने हत्या कर देने की धमकी दी। इसके बाद मामले की शिकायत पुलिस से की गई।
पुलिस ने महिला के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया। पुलिस ने महिला को जेल भेज दिया। अभियोजन पक्ष की ओर से विशेष लोक अभियोजक लोकेश कुमार ने मामले की पैरवी की। कोर्ट में महिला मेडिकल कौंसिल एक्ट की दोषी पाई गई। इसके बाद कोर्ट ने उस पर एक हजार रुपये का जुर्माना लगाया तथा जेल में बिताई गई अवधि समा में समायोजित करने के आदेश दिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें