शहर में गर्मी से बुरा हाल रहा। 38 डिग्री के पार पहुंच गए पारे में ताजमहल के तपते पत्थरों पर पर्यटकों का गला सूखने लगा, पर उन्हें पानी नसीब न हो पाया। शनिवार को घंटों कतार में खड़े होने के बाद 37 हजार सैलानी जब ताजमहल के अंदर पहुंचे तो तेज धूप के कारण गला चटकने लगा। ताज के अंदर लगी पानी की टोंटियां सूखी मिलीं तो लोग परेशान हो उठे।
म्यूजियम की साइड में लगी पानी की टोंटियों के खराब होने और कुछ में प्रेशर न होने के मामले में जब एएसआई अधिकारियों के संज्ञान में मामला आया तो उन्हें ठीक कराने के लिए टीम भेजी गई, पर केवल एक टोंटी ही चालू हो पाई। ऐसे में लोग परेशान रहे। 250 रुपये का टिकट, लेकिन ताजमहल की झलक पाने के लिए उमड़े सैलानी पानी के लिए तरस गए।
होली के अगले दिन शनिवार को 37 हजार पर्यटक ताजमहल पर पहुंचे, जो पूर्वी और पश्चिमी गेट पर दो घंटे तक सुरक्षा जांच कतार में लगने के बाद जैसे -तैसे अंदर पहुंचे तो अपने साथ लाई बोतल का पानी खत्म होने पर पानी तलाशने लगे, पर ताज के अंदर लगे पेयजल के काउंटर खराब मिले। टोंटियां सूखी हुईं मिलीं तो लोग परेशान हो गए। तेज धूप के कारण वह बेहाल हो गए। पर्यटकों ने इसकी शिकायत एएसआई अधिकारियों से की। फोरकोर्ट से अंदर मकबरे तक जाने के लिए म्यूजियम की लेन पर लगी टोंटिया खराब मिलीं। 38 डिग्री के पार पहुंचे तापमान में पर्यटकों को पानी की तलाश में इधर-उधर भटकना पड़ा।
सभी टोंटियों को ठीक कराया जा रहा
अधीक्षण पुरातत्वविद राजकुमार पटेल ने बताया कि ताजमहल पर पानी की टोंटियों में प्रेशर न आने का मामला संज्ञान में आने के बाद मरम्मत के लिए टीम भेजी गई। सभी टोंटियों को ठीक कराया जा रहा है। पानी की कोई शिकायत अब नहीं होगी।
नाइटव्यू टिकट के लिए मची मारामारी
ताजमहल में शनिवार से नाइटव्यू शुरू हो गया। इसके टिकट के लिए एक दिन पहले होली पर भी एएसआई के माल रोड स्थित कार्यालय पर पर्यटकों की लंबी कतार लगी रही। रविवार की रात ताज देखने वालों की कतार शनिवार को पूरे दिन लगी रही। ताजमहल के नाइटव्यू के लिए एक दिन पहले टिकट खरीदने का नियम है। ऐसे में पर्यटक सुबह ही एएसआई कार्यालय पहुंच गए। होली की छुट्टियों में भीड़ के कारण नाइटव्यू के लिए मारामारी मची रही। कोविड पाबंदियों के खत्म होने के बाद ताज में सभी आठ ग्रुप में 400 पर्यटक नाइटव्यू में शामिल हो सकेंगे।