आगरा। अलबतिया निवासी सुखलाल कुशवाहा (50) की हत्या दोस्त ने अपने दो साथियों के साथ 20 हजार रुपये की उधारी मांगने के विवाद में की थी। दोस्तों ने शराब के नशे में सुनारी गांव में ले जाकर लात-घूसों से पीटा था। शव की पहचान न हो, इसके लिए चेहरा पत्थर से कुचल दिया मगर मृतक के हाथ पर बने टैटू से मृतक की पहचान हो गई। वहीं सीसीटीवी कैमरों की मदद से पुलिस हत्याकांड के खुलासे तक पहुंच गई। पुलिस ने हत्याकांड में शामिल एक आरोपी को पकड़ लिया, जबकि दूसरा अस्पताल में भर्ती है। मुख्य आरोपी की तलाश की जा रही है।
अलबतिया, जगदीशपुरा निवासी सुखलाल सबमर्सिबल पंप के ठेकेदार थे। 14 मई को सुबह काम पर जाने की बात कहकर घर से निकले थे, लेकिन वापस नहीं आए। पुलिस ने यहां आने के रास्तों के कैमरे देखे। एक ऑटो आता दिखा। यह बोदला की तरफ से आया था। बोदला में भी पुलिस ने एक बैंक के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज देखे। इसमें एक व्यक्ति नजर आया। उस व्यक्ति के हाथ पर भी टैटू बना था। यही टैटू मरने वाले के हाथ पर भी बना था। यहां पर कुछ कागजात भी बिखरे हुए थे। एक कागज पर अलबतिया का पता था। पुलिस पते पर पहुंच गई। यह सुखवीर का निकला। परिजन ने उनके लापता होने के बारे में बताया। पुलिस परिजन को पोस्टमार्टम गृह ले गई। उन्होंने मृतक की पहचान कर ली। पुलिस ने हत्या की प्राथमिकी दर्ज की।
सीसीटीवी कैमरे में नजर आए ऑटो में नंबर नहीं था मगर उस पर एक स्टीकर नजर आ रहा था। इस पर पुलिस ने बोदला पर चलने वाले ऑटो के बारे में पता किया। सामने आया कि यह ऑटो निखिल चलाता है। उसके साथियों धर्मवीर और कन्हैया के बारे में भी पता चल गया।
-। ऑटो में जबरन डालकर ले गए
डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि कन्हैया को भगत की झोपड़ी, थाना जगदीशपुरा कन्हैया को दहतोरा से अमरपुरा रोड पर सचदेवा कट के आगे से गिरफ्तार कर लिया गया। उसने बताया कि 14 मई की रात आरोपी धर्मवीर ने उसे फोन करके बोदला चौराहे पर बुलाया था। जब वो वहां पहुंचा तो धर्मवीर के साथ ऑटो चालक निखिल भी मौजूद था। तीनों शराब पी रहे थे। सुखलाल ने वहां पहुंचकर धर्मवीर से 20 हजार रुपये का तगादा किया। दोनों में झगड़ा हो गया।
निखिल और धर्मवीर ने उसे देख लेने की धमकी दी। निखिल और कन्हैया ऑटो, जबकि धर्मवीर अपनी बाइक से सुखलाल के पीछे चल दिए। उन्होंने उसको बोदला चौकी से शाहगंज वाली रोड पर पकड़ लिया। जबरन ऑटो में डाल लिया। सुनारी गांव के पास खेतों की तरफ ले गए। वहां धर्मवीर और निखिल ने सुखवीर को जमीन पर गिराकर लात-घूंसों से बेरहमी से पीटा। उसका चेहरा भी कुचल दिया। कुछ ही देर में उसकी मौके पर ही मौत हो गई। हत्या के बाद तीनों आरोपी शव को वहीं छोड़कर भाग गए।
-। हादसे में घायल हो गया एक आरोपी
पुलिस ने बताया कि धर्मवीर को पता चला कि पुलिस को शव मिल गया है। उसने कन्हैया को फोन कर भागने को कहा। तीनों आरोपी धर्मवीर की बाइक से राजस्थान भागने की फिराक में थे। रास्ते में मलपुरा से आगे उनकी बाइक फिसल गई, जिससे वे दुर्घटना का शिकार हो गए। आरोपी निखिल को गंभीर चोटें आईं, जिसके कारण उसे एसएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है, जहां वह पुलिस की निगरानी में इलाज करा रहा है। पुलिस अब आरोपी धर्मवीर की तलाश कर रही है।