उत्तर प्रदेश के आगरा में मंगलवार को ऐतिहासिक राम बरात निकाली जा रही है। इसमें विभिन्न झांकियां शामिल की गईं हैं। इस मौके पर श्री राम और माता जानकी के जयकारों से पूरा क्षेत्र गूंज उठा। लोग नाचते-गाते अपने आराध्य की बरात पर चल रहे हैं।
भगवान श्री राम की यह ऐतिहासिक बरात शाम करीब चार बजे बारादरी स्थित मनकामेश्वर मंदिर से निकली। यहां से शुरू होकर शहर का भ्रमण करते हुए देर रात अपने आखिरी पड़ाव पर पहुंचेगी। बरात में शामिल होने के लिए आगरा ही नहीं अपितु दूर-दराज व अन्य जिलों से बी लोग पहुंचते हैं।
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Agra News: राम बरात में नृत्य़ करते कलाकार
- फोटो : अमर उजाला
चंद्रमा सा मुख, सोने के समान आभा। जिसने भी देखा अपलक निहारता ही रह गया। जन-जन के आराध्य श्रीराम की बरात के दर्शन के लिए शहर उमड़ा हुआ था। मंगलवार को प्रभु की बरात जब लाला चन्नोमल की बारहदरी से निकली तो श्रीराम के जयघोष से आकाश गूंज उठा। रास्ते में जगह-जगह आरती उतार कर और पुष्प वर्षा कर राम बरात का स्वागत किया गया।
Agra: राम बरात में नृत्य करती महिलांए
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उत्तर भारत की ऐतिहासिक रामलीला में 10 अक्तूबर को राम बरात निकाली गई। बारादरी अयोध्या के रूप में सजी थी। राम की वर यात्रा देखने के लिए दोपहर से ही जनसमुदाय उमड़ना शुरू हो गया था। कुल 140 झांकियों में सबसे पहले विघ्न विनाशक गणपति थे। चांदी के रथ में सवार भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी के साथ बिहारी जी की झांकी आकर्षण का केंद्र रही।
Agra: ऐतिहासिक राम बरात निकली, जयकारों से गूंजा क्षेत्र; विभिन्न झांकियां बनीं आकर्षण का केंद्र
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इसके बाद राजा दशरथ अपने परिवार के साथ बग्घी पर सवार थे। मुनि विश्वामित्र और वशिष्ठ के पीछे तीनों राजकुमार लक्ष्मण, भरत और शत्रुघ्न की बग्घी थी। साथ में था भगवान श्रीराम का रथ। यह विशेष था। आवश्यकता के अनुसार ऊपर उठने के साथ चारों दिशाओं में घूम रहा था।
Agra: ऐतिहासिक राम बरात निकली, जयकारों से गूंजा क्षेत्र
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श्रीराम की बरात रावतपाड़ा से शुरू होकर अपने परंपरागत मार्ग से होती हुई सुबह पुन: रावतपाड़ा पर संपन्न हुई वहां से प्रभु राम परिजन के साथ मिथिला नगरी रवाना हो गए।