ताजनगरी पहुंचे प्रदेश के श्रम मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि प्रदेश में सबसे अधिक रोजगार देने वाला जिला आगरा है। उन्होंने कहा कि आगरा के जूता उद्योग की तरह अगर अन्य जिलों में उद्यमी रोजगार उपलब्ध कराएं तो प्रदेश से बेरोजगारी दूर हो सकती है।
शुक्रवार को कैबिनेट मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य यहां 'मीट एट आगरा' के उद्घाटन कार्यक्रम में पहुंचे। उन्होंने कहा कि आगरा के जूता उद्यमी देश के आर्थिक ढांचे को मजबूत करने का काम कर रहे हैं। केंद्र व राज्य सरकार ने उद्यमियों की दिक्कत दूर करने को डेढ़ दर्जन श्रम कानूनों में संशोधन किया है।
स्वामी प्रसाद मौर्य ने आगरा के उद्योग की समस्याओं के निदान के लिए मुख्यमंत्री से वार्ता करने का दिया आश्वासन। उन्होंने कहा कि चीन आज कमजोर हो रहा है। उसकी कमजोरी का फायदा भारत उठा सकता है। दुनिया आज आगरा की जूता उद्योग की ओर निहार रही है।
आगरा ट्रेड सेंटर में लगीं 225 स्टॉल
इससे पूर्व सींगना स्थित आगरा ट्रेड सेंटर में इंटरनेशन फेयर मीट एट आगरा का उद्घाटन केंद्रीय कौशल विकास मंत्री डॉ. महेंद्र नाथ पांडे, उत्तर प्रदेश के श्रम एवं रोजगार मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य और काउंसिल फॉर लेदर एक्सपोटर्स (सीएलई) के चेयरमैन पीआर अकील अहमद ने किया।
तीन दिवसीय फेयर में 225 स्टॉल लगी हैं। मीट एट आगरा में देश से चेन्नई, कोलकाता, लुधियाना, जालंधर, दिल्ली, नोएडा, कानपुर, मुंबई की कंपनियां और दुनिया से चीन, ब्राजील, अर्जेंटीना, जर्मनी, ताइवान, इटली, स्पेन, हांगकांग समेत 10 देशों की 150 कंपनियां भागीदारी कर रहीं हैं।
एफमेक उपाध्यक्ष गोपाल गुप्ता ने बताया कि 2007 में मीट एट आगरा के पहले संस्करण में 55 स्टॉल से शुरुआत की गई, जो अब 13वें संस्करण में 225 तक पहुंच गईं। 150 करोड़ के व्यापार से बढ़कर 1500 करोड़ के कारोबार की नींव इससे तैयार होने लगी है। पांच हजार से ज्यादा बिजनेस विजिटर्स भी आ रहे हैं।