मैनपुरी। निर्बाध विद्युत आपूर्ति, सेवाओं को बेहतर बनाने और निगम के कार्यों को जनता के प्रति संवेदनशील बनाने के लिए ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने निगम के अधिकारियों को पत्र लिखा है। ऊर्जा मंत्री ने कहा कि जरूरी होने पर मरम्मत सामान्य रोस्टिंग के समय की जाए। किसी एक फीडर पर दिन में अधिक से अधिक दो बार लोगों को पहले जानकारी देकर ही शटडाउन लिया जाए।
ऊर्जा मंत्री ने पत्र में कहा है कि छोटे-छोटे बकाया पर तुरंत बिल जमा करने के आश्वासन के बाद भी उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे जा रहे हैं, ऐसा करने वाले कर्मियों पर कार्रवाई की जाए। कुछ लोगों का बिल बकाया होने पर पूरे फीडर या गांव की लाइन नहीं काटना गलत है, सिर्फ बकायेदार की ही बिजली काटी जाए। साथ ही ऐसे फीडर पर जला हुआ ट्रांसफार्मर नहीं बदलना या उच्चीकरण नहीं करना भी न्याय संगत नहीं है।
ऊर्जा मंत्री ने पत्र के माध्यम से निर्देश दिए हैं कि बिजली चोरी रोकना प्राथमिकता है, लेकिन उसके लिए अलग कार्रवाई की जाए। चोरी रोकने के लिए बिजली न रोकी जाए। ट्रांसफार्मर जलने के बाद कई दिन तक रिपोर्ट नहीं होती, ट्रांसफार्मर की उपलब्धता से लेकर उसे लगाने में होने वाले विलंब के लिए जिम्मेदार लोगों के विरुद्ध कार्रवाई की जाए।
उन्होंने कहा कि गलत बिल की शिकायतें चिंता का विषय है, कुछ कर्मियों के भ्रष्टाचार की भी शिकायतें आती रहती है। कंप्यूटर जनित बिल भी गलत हो रहे हैं। इन प्रक्रियाओं में हो रही त्रुटि पर पूर्ण विराम लगना आवश्यक है। कुशल और काम करने वाले संविदा कर्मियों को बड़ी संख्या निकाल दिया गया है। मनमाने ढंग से नए और अकुशल कर्मी रखा गंभीर बात है, समीक्षा कर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाए।