आगरा में संपत्ति विवाद में रिश्तेदारों ने सराफ की पिटाई की। आरोप है कि दुकान में तोड़फोड़, लूटपाट की गई। कार से अगवा कर दो दिन बंधक बनाकर रखा गया। बाद में वो परिवार के लोगों की मदद से अस्पताल में भर्ती हुए। हड्डियां टूटी थीं। पुलिस से शिकायत पर सुनवाई नहीं हुई। हालांकि पुलिस का कहना है कि सराफ ने पूर्व में समझौता कर लिया था।
मूलरूप से सैंया निवासी सराफ केके त्यागी दीप नगर में रहते हैं। उनकी आवास विकास कॉलोनी में दुकान है। दूसरी दुकान सिकंदरा में है, जिसे बेटा संभालता है। आरोप लगाया कि 9 जुलाई को उनकी दुकान पर भतीजों ने हमला बोल दिया। विरोध पर बेसबाल बैट से पीटा। लूटपाट और तोड़फोड़ की।
कार में ले जाकर दो दिन बंधक बनाए रखा। वह किसी तरह बाहर निकले। पिता ने अस्पताल में भर्ती कराया। 10 दिन तक इलाज चला। 19 जुलाई को थाने में तहरीर दी। मगर, पुलिस ने सुनवाई नहीं की। वह 7 अगस्त को पुलिस आयुक्त से मिले। मगर, पुलिस उन्हें छत से गिरना दर्शाना चाहती है। जगदीशपुरा थाना प्रभारी ने बताया कि सराफ का परिवार के लोगों से संपत्ति विवाद है। पहले लिखित राजीनामा दिया था। अगर, वह कार्रवाई चाहते हैं तो जांच की जाएगी।