आगरा में एंबुलेंस में ऑक्सीजन सिलिंडर फटने से धमाका हुआ और आग लग गई थी। इसमें चालक की जिंदा जलकर मौत हो गई। इस हादसे के बाद आरटीओ ने आगरा में कार्रवाई शुरू कर दी है।
आगरा में आरटीओ ने खटारा एंबुलेंस के खिलाफ अभियान चलाकर 11 का चालान किया है। इनके संचालकों से 1.30 लाख रुपये का जुर्माना वसूला है। एंबुलेंस में अग्निशमन सिलिंडर खराब हो चुके थे। ऑक्सीजन सिलिंडर मानक के अनुरूप नहीं था।
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आरटीओ प्रवर्तन कपिल देव सिंह ने बताया कि ऑक्सीजन सिलिंडर फटने के हादसे के बाद दो टीमों को जांच करने के लिए भेजा। इनमें से 11 एंबुलेंस में पंजीकरण, फिटनेस, अग्निशमन सिलिंडर और ऑक्सीजन सिलिंडर का रखरखाव परखा। इन एंबुलेंस में हालत खराब मिली। चार एंबुलेंस की फिटनेस एक्सपायर हो चुकी थी, बिना फिटनेस के ही मरीजों को लेकर जा रही थीं। ऑक्सीजन सिलिंडर मानक के अनुसार रखे हुए नहीं थे, इनकी फिटिंग भी सही ढंग से नहीं कराई गई थी।
दिल्ली गेट पर आठ एंबुलेंस के चालान
पीटीओ अमित वर्मा ने बताया कि दिल्ली गेट और मदिया कटरा पर 8 एंबुलेंस की जांच की। इसमें यूपी 83 टी 6057, यूपी 80-एफटी 3956, आरजे 14 पीसी 2068, आरजे 14 पीबी 4683 की फिटनेस नहीं थी। यूपी 80 एफटी 9044, आरजे 13 पीए 7092, यूपी 80 एफटी 2912 और यूपी 80 सीटी 7154 की अग्निशन यंत्र एक्सपायर थे। ऑक्सीजन सिलिंडर भी बदहाल मिला।
पीअीओ शिव कुमार मिश्रा ने बताया कि भगवान टॉकीज से सिकंदरा रोड तक जांच अभियान चलाया। इसमें प्रभा ट्रामा सेंटर के नाम पंजीकृत यूपी80आरटी2621 की फिटनेस खत्म हो चुकी थी। पदम सिंह धर्मार्थ समिति के नाम से पंजीकृत यूपी80सीटी1314 का प्रदूषण और मूलचंद सेवा समिति के नाम से पंजीकृत यूपी80डीटी3581 का बीमा खत्म हो चुका था। अग्निशमन सिलिंडर और ऑक्सीजन सिलिंडर का रखरखाव बेहतर नहीं था। इन पर चालान लगाते हुए रिपोर्ट आरटीओ को दी है।