कंपनी की ओर से की गई थी शिकायत
सहायक आयुक्त औषधि अतुल उपाध्याय ने बताया कि नामी दवा निर्माता कंपनी की ओर से शिकायत की गई थी। कहा गया था कि उनके प्रतिनिधियों ने ग्राहक बनकर अमित मेडिकल स्टोर से इंजेक्शन-ड्रिप लगने से हाथों में सूजन में उपयोग होने वाला थ्रोम्बोफोब मलहम खरीदा। यह नकली प्रतीत हो रहा है। इसकी जांच कराई जाए।
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बिल प्रस्तुत नहीं कर पाया संचालक
इस पर टीम भेजकर जांच कराई तो स्टोर में इस नाम के 72 मलहम मिले। ये एक ही बैच के थे। संचालक बिल प्रस्तुत नहीं कर पाया। इन्हें जब्त करते हुए नमूना जांच के लिए भेजा है। दुकानदार से बीते तीन महीने में मलहम की खरीद-बिक्री के बिल तलब किए हैं। पूछताछ में दुकानदार से पता चला है कि उसने ये मलहम फव्वारा स्थित सुनील फार्मा से खरीदे हैं। टीम ने वहां भी जांच की। फार्मा पर एक मलहम ही मिला, जिसका बिल था। इनसे भी खरीद और बिक्री के बिल मांगे गए हैं।
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