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UP: कुत्ते के काटने से नहीं...चाटने से हुआ रैबीज, युवक कर बैठा ये गलती; 30 दिन में हो गई मौत

Sat, 13 Jul 2024 09:36 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, आगरा

सार

आगरा में एक युवक को कुत्ते ने काटा नहीं, बल्कि सिर्फ चाट लिया था। इसी से उसे रैबीज हो गया। उसके व्यवहार में परिवर्तन आने लगा। दो दिन पहले उसकी मौत हो गई। 
 
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कुत्ते के चाटने से मौत - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आगरा के पिनाहट में युवक की लापरवाही उसकी जान पर भारी पड़ गई। पैर के घाव को कुत्ते ने चाट लिया, जिससे उसे रैबीज हो गई। उसने एंटी रैबीज वैक्सीन (एआरवी) भी नहीं लगवाई। एक निजी अस्पताल में इलाज के दौरान शुक्रवार को युवक ने दम तोड़ दिया।
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पिनाहट के मोहल्ला खटीक टूला निवासी मित्रपाल ने बताया कि महीनेभर पहले बेटे जीतू (18) के पैर में चोट लग गई थी। वह घर के बाहर बैठा था, इसी दौरान एक कुत्ता आया और घाव चाटने लगा। उसने कुत्ते को भगा दिया। बेटे ने इसकी जानकारी परिजन को नहीं दी। 20-25 दिन बाद उसके व्यवहार में बदलाव आने लगा था। उसकी रीढ़ की हड्डी में भी दिक्कत थी। इस पर इसका इलाज शहर के निजी चिकित्सक के यहां चल रहा था।

बृहस्पतिवार को इसकी हालत खराब होने पर अस्पताल में भर्ती करा दिया। यहां चिकित्सकों को रैबीज के लक्षण नजर आए। इस पर जीतू से पूछताछ की गई तो उसने घटना की जानकारी दी। शुक्रवार को अस्पताल में बेटे की मौत हो गई।

 
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हाइड्रोफोबिया है लक्षण
नगर निगम के मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. अजय कुमार सिंह ने बताया कि संक्रमित कुत्ते की लार में रैबीज का वायरस होता है। घाव चाटने से वायरस शरीर में पहुंच गया होगा। अगर मरीज एआरवी लगवा लेता तो उसकी जान बच जाती। आदमी से आदमी में रैबीज नहीं फैलता है। कुत्ते-बंदर आदि कोई जानवर काट ले तो चिकित्सक को दिखाकर एआरवी जरूर लगवाएं। इस बीमारी में हाइड्रोफोबिया हो जाता है। इसमें मरीज को पानी से डर लगने लगता है। मरीज के गले में रुकावट, आवाज कम होने लगती है।
 
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