मरीज को तीन दिन तक अस्पताल में भर्ती रखा। मगर, पेट दर्द बंद नहीं हुआ। तब डॉक्टर ने दोबारा अल्ट्रासाउंड कराने के बाद दवा दे दी। इससे भी कोई फायदा नहीं हुआ। इस पर दिल्ली के एक अस्पताल में दिखाया। जांच में पता चला कि उनके पेट में सर्जिकल ब्लेड रह गया। इससे उन्हें परेशानी हो रही थी।
आरोप है कि 14 अक्तूबर 2019 को उन्होंने मौर्या अस्पताल में लापरवाही की शिकायत की। डॉक्टर ने उनसे गाली-गलौज और अभद्रता करके भगा दिया। पीड़ित ने अधिवक्ता पवन कुमार गौतम के माध्यम से कोर्ट में प्रार्थनापत्र दिया। न्यायालय ने थाना पुलिस को आरोपी चिकित्सक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच के आदेश दिए हैं।
अपने शहर की खबरों से अपडेट रहने के लिए पढ़ते रहिए amarujala.com । अमर उजाला आगरा के फेसबुक पेज को लाइक और फॉलो करने के लिए यहां क्लिक कर सकते हैं।