कासगंज। हरियाली के संरक्षण के लिए मुहिम लगातार आगे बढ़ रही है। जिले की धरा में हरित शृंगार की तैयारी तेजी पर है। वन विभाग की पौधशाला में विभिन्न प्रजातियों के 30 लाख पौधे तैयार किए जा रहे हैं। यह पौधे जिले के अलग-अलग हिस्सों में रोपित किए जाएंगे। वन विभाग ने अपनी पौधशाला में पौध तैयार की हैं। इससे प्राइवेट नर्सरियों पर निर्भरता समाप्त हो। अब प्राइवेट नर्सरियों से कुछ प्रजातियों के पौधे ही लिए जाएंगे।
जिले में इस वर्ष के लिए 25 लाख 8 हजार पौधे रोपित करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसमें 7 लाख 51 हजार पौधे वन विभाग स्वयं लगाएगा। शेष पौधे लगाने का लक्ष्य ग्राम पंचायतों व अन्य विभागों के लिए निर्धारित किए जा रहे हैं। वन विभाग की पौधशाला में पौध तैयार करने की कवायद पहले से ही शुरू कर ली गई थी। पौधशाला में पौध अब अच्छी तरह से बढ़ रही है। इसकी देखरेख निरंतर वन विभाग द्वारा की जा रही है। आगामी मानसून सत्र में इन पौधों का रोपण किया जाएगा। आजादी की 75वीं वर्षगांठ होने के कारण अमृत महोत्सव मनाया जा रहा है। हर ग्राम पंचायत में 75 पौधे एक ही भूभाग में रोपित किए जाएंगे। पौधे की प्रजातियों में फलदार, फूलदार, औषधीय व छायादार प्रजाति के पौधे शामिल हैं।
इन प्रजातियों की तैयार की गई पौध
कासगंज। वन विभाग की नर्सरी में आंवला, सहजन, बेर, सैमल, बेलपत्र, जामुन, अमरूद, अनार, करौंदा, नींबू, कुसुम, चिलविल, कंजी, नीम, गुड़हल, गुलाब, कनेर सहित अन्य प्रजातियों की पौध तैयार की गई हैं। जबकि प्राइवेट नर्सरियों से पीपल, बरगद, पाखड़, अशोक के पौधे मंगाए गए हैं। संवाद
बीज बोकर भी तैयार हो रही पौध
कासगंज। औषधीय पौधों में हर्र, बहेड़ा, लौंग, कपूर, शतावर, लव्हेड़ा आदि के बीज रोपण करके पौध तैयार करने की कोशिश वन विभाग के द्वारा की गई है। पहली बार इस तरह की पौध तैयार हो रही है। संवाद
आंकड़े की नजर से-
30 लाख पौधे वन विभाग की नर्सरी में किए जा रहे तैयार।
25.08 लाख पौधे जिले में किए जाएंगे रोपित।
7.51 लाख पौधे रोपित करेगा वन विभाग।
- जिले की नर्सरी में 30 लाख पौध तैयार की जा रही हैं। इस बार कई नई प्रजातियों के पौधे तैयार किए गए हैं। जिले में वृहद स्तर पर पौधरोपण किया जाएगा। जिले में 25.08 लाख पौधों के रोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। जन सहयोग के साथ इस लक्ष्य को पूरा किया जाएगा। - हरि शुक्ला, डीएफओ।