फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Agra: समस्याएं न सुलझने पर मतदान से खींचे हाथ, वोट डालने नहीं पहुंचे... तो कइयों ने किया विरोध प्रदर्शन

Wed, 08 May 2024 11:18 AM IST
भूपेन्द्र सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

समस्याएं न सुलझने पर लोगों ने मतदान से हाथ खींच लिए। कहीं वोट डालने नहीं पहुंचे तो कइयों ने विरोध प्रदर्शन किया। 
विज्ञापन
vote voting new - फोटो : istock
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तर प्रदेश के आगरा में जनसमस्याओं से जूझ रहे लोगों का गुबार मंगलवार को मतदान दिवस पर निकला। विकास को मोहताज ग्रामीणों ने कहीं मतदान बहिष्कार किया तो कहीं विरोध प्रदर्शन। अधिकारियों और नेताओं के मनाने के बाद भी नहीं मानें। 

विज्ञापन


बाह के सुंसार गांव के लोग ‘रोड नहीं तो वोट नहीं’ की आवाज बुलंद कर बहिष्कार की जिद पर अड़ गए। ग्रामीणों ने नेताओं की सुनी न एसडीएम की। ग्रामीणों का कहना था कि 2014 के लोकसभा चुनाव में मतदान का बहिष्कार किया था। तब सड़क के आश्वासन पर दोपहर में मतदान में भागीदारी की थी। 10 साल बीत गए, सड़क नहीं बन सकी है।

2000 की आबादी वाले सुंसार गांव में 611 नाम मतदाता सूची में शामिल हैं। पीठासीन अधिकारी रामसेवक ने बताया कि बूथ पर 611 मतदाता हैं। लोगों ने मताधिकार का प्रयोग नहीं किया है। इसके बाद बाह के चौरंगा बीहड़ और रामकुआ गांव में लोगों ने आगरा, इटावा वाया बाह रेलवे लाइन पर अंडरपास की मांग करते हुए चुनाव बहिष्कार कर दिया। मगर बाद में उन्हें मना लिया गया।
विज्ञापन


फतेहाबाद के गांव सांकुरी खुर्द में भी कच्ची सड़क बनवाने के विरोध में मतदान नहीं किया। एसडीएम के समझाने पर ग्रामीणों ने दोपहर साढ़े 12 बजे से मतदान शुरू किया। शमसाबाद के कोठी चार बीघा में विकास कार्य नहीं होने से गुस्साए ग्रामीणों ने 11 बजे तक मतदान नहीं किया। 

पूर्व विधायक डॉ. राजेंद्र सिंह ने गांव पहुंचकर चुनाव बाद ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद यहां 11 बजे से ग्रामीणों ने मतदान शुरू किया।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें