परिवार में नहीं हुई कुर्बानी
रेखा राठौर के पड़ोसी गुलाम मोहम्मद के घर में गुरुवार को कुर्बानी थी। मगर, चौहरे हत्याकांड की वजह से कुर्बानी नहीं की।
गली के कुत्ते क्यों नहीं भौंके
क्षेत्र के लोगों का कहना था कि गली में काफी कुत्ते भी हैं। वह अंजान लोगों के आने पर भौंकने लगते है। मगर, घटना वाले दिन वो भौंके नहीं। इससे यही लगता है कि हत्या करने जो भी आया वो पहले भी आ चुका था? इससे कुत्तों ने भौंका नहीं।
रेखा के घर आने के दो रास्ते
पुलिस की पड़ताल में पता चला कि रेखा के घर आने के दो रास्ते हैं। इनमें से एक कूंचा साधूराम के मुख्य गेट से आ सकते हैं। यह धूलियांगंज की तरफ जाता है। इसके बीच में ही चौबेजी की गली है। इसमें अंदर रेखा का मकान है। इसके अंदर जाने के बाद रेखा के घर से आगे सीढ़ियां हैं। इससे उतरकर माईथान और बेगम ड्योढ़ी की तरफ जाया जा सकता है। इस रास्ते पर सीसीटीवी कैमरे भी लगे हुए हैं। पुलिस अब इन कैमरों को देख रही है।