आगरा। महिला कल्याण विभाग की ओर से हुई चाइल्ड लाइन के विभिन्न पदों की भर्ती में एक बड़ा गड़बड़झाला सामने आया है। आवेदन करने वाली एक महिला ने दावा किया है कि इस भर्ती में तत्कालीन जिला प्रोबेशन अधिकारी ने एक ही परिवार के चार भाई-बहनों को आउटसोर्स फर्म के जरिये नियुक्ति दिलवा दी। आवेदक ने मुख्यमंत्री समेत कई जिम्मेदारों से शिकायत की है। मौजूदा जिला प्रोबेशन अधिकारी ने मामले की जानकारी न होने की बात कही है।
शिकायत करने वाली आवेदक सोमा जैन जसोरिया ने देहली गेट स्थित एक रेस्तरां में प्रेस वार्ता कर बताया कि पिछले साल विभाग ने जिला प्रोबेशन अधिकारी के माध्यम से चाइल्ड लाइन के 18 पदों को भरने की प्रक्रिया शुरू की। इस भर्ती के लिए एयूवी इंटरप्राइजेज के जरिये इन पदों को भर दिया गया।
जसोरिया का दावा है कि आउटसोर्स कंपनी ने आवास विकास निवासी राम नरेश गौतम के बेटे बृजेश कुमार गौतम और बेटी ज्योति गौतम के अलावा सुरेश चंद की बेटी किरन और बेटे सनी कुमार को अलग-अलग पदों पर नियुक्ति दे दी। उनका दावा है कि चयनित चारों अभ्यर्थियों के पिता भी आपस में रिश्तेदार हैं। यही नहीं, दावा किया कि चारों ही चयनित अभ्यर्थी आवास विकास में रहते हैं और तत्कालीन जिला प्रोबेशन अधिकारी अजय पाल सिंह भी वहीं रहते थे।
उन्होंने आउटसोर्स एजेंसी का टेंडर निरस्त कर भर्ती को तत्काल निरस्त कर जांच कराने की मांग की है। मौजूदा डीपीओ अतुल कुमार सोनी ने कहा कि भर्ती उनके समय की नहीं है, इसलिए वह कुछ नहीं कह सकते। हालांकि उन्होंने यह जरूर कहा कि महिला शिकायत करने की आदी है। जसोरिया ने अन्य भी कई प्रकरण में बिना तथ्यों के शिकायत की है।