फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Agra: ट्रक की टूटी हुई थी नंबर प्लेट, दरोगा ने चालक से वसूल लिए 20 हजार रुपये; जांच के बाद गिरी गाज

Fri, 23 Jun 2023 12:00 PM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला, आगरा

सार

ट्रक मालिक से दरोगा ने 20 हजार रुपये वसूले थे। इस मामले में पुलिस आयुक्त ने जांच के बाद कार्रवाई की है। दरोगा सहित तीन को निलंबित कर दिया गया है। 
 
विज्ञापन
पुलिस आयुक्त कार्यालय, आगरा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आगरा में बोदला-सिकंदरा रोड पर नंबर प्लेट टूटी देखकर ट्रक को रोकने के बाद चालक से 20 हजार रुपये की वसूली करने के आरोप में दो दरोगा और एक सिपाही को निलंबित किया गया है। तीनों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है।

ये है मामला 

बोदला-सिकंदरा मार्ग पर 18 जून की रात को हेमा पेट्रोल पंप के पास पुलिसकर्मियों ने एक ट्रक रोका था। ट्रक के पीछे की नंबर प्लेट टूटी हुई थी। पुलिसकर्मियों ने ट्रक को सीज करने के लिए कहा। इस पर चालक धर्मवीर ने घटना की जानकारी मालिक ऋषभ को दी। इस पर वह मौके पर पहुंच गए। आरोप है कि पुलिस कर्मियों ने ट्रक छोड़ने के एवज में 40 हजार रुपये मांगे थे। बाद में 20 हजार रुपये में सौदा तय हुआ था। ट्रक मालिक ने फोन करके अपने एक परिचित से रुपये मंगाए थे। रुपये लेने के बाद पुलिस कर्मियों ने ट्रक छोड़ा था।

विज्ञापन


ये भी पढ़ें - Mathura: लग्जरी कार छोड़, हेमा मालिनी ने ई-बस में किया सफर;  बोलीं- कम बजट में सुगम यात्रा

ट्रक मालिक ने की थी शिकायत 

ट्रक छूटते ही मालिक ने 112 नंबर और पुलिस आयुक्त के सीयूजी नंबर पर फोन मिलाकर अवैध वसूली की शिकायत की थी। पीड़ित पुलिस आयुक्त डॉ. प्रीतिंदर सिंह के सामने पेश हुआ। पुलिस आयुक्त ने डीसीपी सूरज राय को जांच के आदेश दिए थे। डीसीपी ने अपनी जांच रिपोर्ट पुलिस आयुक्त को सौंपी। पुलिस आयुक्त डॉ. प्रीतिंदर सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में पदम प्राइड चौकी प्रभारी गौरव राठी, एसआई नीरज कुमार और सिपाही रवि कुमार को दोषी पाया गया। तीनों पुलिस कर्मियों को निलंबित किया गया है। 

ये भी पढ़ें - Good News: इस एप से मिलेगी इलेक्ट्रिक बसों की लोकेशन, यात्रियों को नहीं होगी परेशानी

ताजगंज थाने में तैनात है दरोगा 

जांच में ताजगंज थाने में तैनात दरोगा की कोई भूमिका नहीं निकली। वह एक दबिश में सिकंदरा क्षेत्र में गया था। साथी पुलिस कर्मियों को देखकर रुक गया था। उसे क्लीनचिट दी गई है। सिकंदरा थाने की पदम प्राइड चौकी पर तैनात रहे चौकी प्रभारी देवव्रत पांडेय भी अवैध वसूली में जनवरी 2023 में निलंबित हुए थे। पांच महीने बाद चौकी इंचार्ज गौरव राठी भी अवैध वसूली में फंस गए।

ये भी पढ़ें - दो के झगड़े में तीसरा बना निशाना: लेने जा रहा था दवा, पहुंच गया अस्पताल; पैर में लगी गोली
विज्ञापन

चांदी लूट में जेल गए थे इंस्पेक्टर और दरोगा

ट्रक मालिक से वर्दी पहने हुए पुलिस वालों ने बदमाशों के अंदाज में रंगदारी वसूली। यही अपराध किसी साधारण व्यक्ति ने किया होता तो उसके खिलाफ मुकदमा लिखकर जेल भेज दिया जाता। इस मामले में आरोपी पुलिस कर्मियों के खिलाफ कोई मुकदमा नहीं हुआ। उनके खिलाफ सिर्फ निलंबन की कार्रवाई हुई है। विभागीय जांच चलेगी। इसके विपरीत 9 जून को औरेया में चांदी व्यापारी मनीष सोनी से 50 किलोग्राम चांदी लूटी गई थी। पुलिस ने लूटकांड का खुलासा करते हुए कानपुर देहात में तैनात इंस्पेक्टर अजयपाल सिंह, दरोगा चिंतन कौशिक को सहित छह लोगों को जेल भेजा था। आगरा में मुकदमा नहीं लिखकर पुलिस कर्मियों को बड़ी मुसीबत से बचा लिया गया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें