सामाजिक दूरी का पालन भी नहीं, निबंधन भवन, दोपहर 12.00 बजे
सदर तहसील परिसर में स्थित निबंधन भवन में कोविड हेल्प डेस्क बंद हो चुकी हैं। दो मंजिला बिल्डिंग में छह कमरे हैं। जिनमें पांच उप निबंधन कार्यालय नहीं चल सकते। ऐसे में दो उप निबंधक के दफ्तर बाहर पुरानी तहसील बिल्डिंग में चल रहे हैं। किसी भी दफ्तर के गेट पर कोविड डेस्क नहीं है। रजिस्ट्री व बैनामा कराने आए लोगों की भीड़ है। बच्चे, महिलाएं व पुरुष बिना मास्क खड़े हैं। दो गज की दूरी का पालन नहीं हो रहा। यहां 70 से अधिक कर्मचारी हैं। करीब 700 से 800 लोग रोज आते हैं।
दलील: बंद नहीं कर सकते डेस्क
कोविड हेल्प डेस्क बंद नहीं कर सकते। कैसे बंद की गई। इस संबंध में सहायक निरीक्षक निबंधन से जवाब मांगा जाएगा। मैं कल स्वयं सत्यापन करने जाऊंगा।
- योगेंद्र कुमार, एडीएम वित्त एवं राजस्व
उपकरण खराब, कोई रोकटोक नहीं, जिलाधिकारी कार्यालय, पूर्वाह्न 11:35 बजे
कलक्ट्रेट में डीएम कार्यालय के बाहर ही कोने के एक कक्ष में कोविड हेल्प डेस्क है। इसी में महिला हेल्प डेस्क भी बनी है। फरियादियों से लेकर कर्मचारी बिना मास्क आ-जा रहे हैं। कोई रोकटोक नहीं। डेस्क पर पड़ताल में पता चला कि पल्स ऑक्सीमीटर खराब है। तापमान जांचने को थर्मल स्कैनर भी नहीं। रजिस्टर रखा है, जिसमें 20 नाम 11 बजे तक दर्ज हैं। कलक्ट्रेट परिसर में 350 से अधिक कर्मचारी काम करते हैं। दो हजार से अधिक लोगों की रोज आवाजाही है।
दलील: स्वयं जागरूक बनें लोग
लोग स्वयं जागरूक बनें। कोविड हेल्प डेस्क चालू है। रजिस्टर में एंट्री होती है। उपकरण खराब हैं तो नए दिलाएंगे। लापरवाही की जांच के लिए स्वयं निरीक्षण करूंगा।
- डॉ. प्रभाकांत अवस्थी, एडीएम सिटी
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