सस्ते आरओ की मशीन भी बंद
नोएडा से आई बस से उतरे यात्री रितेश ने बताया कि वह पानी की बोतल लेकर उतरे तो बस स्टैंड परिसर में हैंडपंप और प्याऊ नजर नहीं आया। आरओ प्लांट भी बंद था। यहां बैठी मेडिकल टीम से पूछा तो उन्होंने पीछे की ओर इशारा कर दिया। बस स्टैंड पर पीछे की ओर बने सार्वजनिक शौचालय के पास ही पीने के पानी की एक टंकी लगी हुई थी, इसमें भी पानी ठंडा नहीं मिला। ऐसे में कहीं रास्ते से पानी लेंगे।
इन रूटों की बसें होती हैं संचालित
बस अड्डे से रोजाना दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, लखनऊ, कानपुर, बरेली, अलीगढ़, वाराणसी, मेरठ, शाहजहांपुर, हरिद्वार, ऋषिकेश, पलवल, पानीपत, गुरुग्राम के लंबे रूटों के अलावा अलीगढ़, मैनपुरी, फर्रुखाबाद, इटावा, शिकोहाबाद, कन्नौज, फिरोजाबाद की 250 से ज्यादा बसें चलती हैं तो दूसरे राज्यों से आने वाली 100 से अधिक बसें भी यहां से संचालित होती हैं।
पीने का पानी नहीं मिल रहा
बुलंदशहर के मनोज कुमार ने बताया कि बस स्टैंड पर पीने का पानी नहीं मिला। यहां इतनी गर्मी में भी प्याऊ नहीं लगा हुआ है। शौचालय के पास पानी की टंकी है, उसका पानी ठंडा नहीं है। कानपुर की यात्री कांता देवी ने कहा कि बच्चों के साथ कानपुर जाने को आए थे। यहां पीने का पानी तक नहीं है। बच्चों को प्यास लगी तो पानी की बोतल खरीदनी पड़ी।
आरओ प्लांट इसी माह शुरू करवाएंगे
आईएसबीटी आरएम मनोज कुमार पुंढीर ने कहा कि आईएसबीटी पर पानी की कमी है तो दूर की जाएगी। सस्ते आरओ की मशीन का ठेका इसी माह खत्म हुआ है, जोकि इसी माह शुरू करवाया जाएगा। प्याऊ भी लगवाए जाएंगे।