बहन की हत्या के बाद गीता का बुरा हाल हो गया। वह थाना नाई की मंडी जा रही थी। तभी शक्ति उसे दिखाई दे गया। उसने पीछा करके शक्ति को पकड़ लिया। शक्ति ने भागने की कोशिश की मगर गीता उसे दबोचे रही। दोनों में जमकर गुत्थमगुत्था हुई। लेकिन गीता ने उसे नहीं छोड़ा। आसपास भीड़ जुट गई और लोगों ने शक्ति को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया।
घटना के बाद फरार हो गए परिजन
गीता का कहना है कि 3 दिन तक पार्वती कमरे से नहीं निकली लेकिन घरवालों को उसकी मौत की भनक नहीं लगी, ऐसा नहीं हो सकता। घटना के बाद से शक्ति की मां विद्या देवी, बहन सुषमा, पिता भगवती, भाई शिवा फरार हैं।