फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गलियों में भरा कीचड़, अधूरे हैं शौचालय

विज्ञापन
09एमएनपी-22-भोगांव के गांव पदमपुर छिवकरिया में कच्ची गली - फोटो : MAINPURI
विज्ञापन
भोगांव। अधूरे पड़े शौचालय और दलदल में तब्दील हुईं गलियां ही तहसील भोगांव की ग्रामसभा पदमपुर छिवकरिया की पहचान बन चुकी है। प्रधान का पांच साल का कार्यकाल पूरा होने को है, लेकिन जरूरत के हिसाब से ग्रामसभा में विकास कार्य नहीं हुआ है। ग्रामीण प्रधान पर विकास कार्य कराने में उपेक्षापूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाते हैं।
विज्ञापन

गलियों में कीचड़ होने से ग्रामीणों को आवागमन में परेशानी होती है। ग्रामीणों का कहना है जहां विकास कार्यों की जरूरत है उन स्थानों की प्रधान द्वारा अनदेखी की जा रही है। विकास कार्यों में मनमानी के चलते ही प्रधान ने अपने चहेतों को ही विकास योजना का लाभ पहुंचाया है। गांव में अधूरे शौचालय होने के बाद भी आज तक किसी अधिकारी अथवा टीम ने गांव पहुंचकर जांच नहीं की है।
प्रधान ने इंटर लॉकिंग सड़कें कराने के साथ ही शौचालय बनवाए हैं, लेकिन अभी भी ग्रामसभा में विकास कराने की जरूरत है। जो स्थान वंचित हैं वहां भी विकास कार्य कराए जाने चाहिए।
विज्ञापन

अभयराम, छिवकरिया
प्रधान ने अपने चहेतों को ही शौचालय और आवास का लाभ दिया है। पदमपुर में जो शौचालय बनवाए गए वो अधूरे हैं। किसी की छत नहीं है तो किसी में गड्ढे नहीं खोदे गए हैं। सड़कों की हालत खराब है।
राकेश कुमार, पदमपुर
प्रधान ने विकास कार्य कराने में मनमानी की है। गांव में ज्यादातर मार्ग कच्चे पड़े हैं। नाली का पानी सड़कों पर पूरे साल बहता रहता है। गांव के लोगों को आवागमन में परेशानी होती है।
हरीओम यादव, छिवकरिया
ग्रामसभा में जरूरत केे हिसाब से विकास कार्य कराए गए हैं। जहां विकास होने से रह गया है। उन स्थानों को कार्य योजना में शामिल किया गया है। उसी आधार पर विकास कराया जाएगा।
वीनेश कुमार, ग्राम प्रधान
ग्रामसभा में मानक के अनुसार काम नहीं हुआ है। स्वच्छ भारत मिशन को भी पलीता लगाया गया है। गांव में कई पात्रों को शौचालय का लाभ नहीं मिला है। कई शौचालय अभी भी अधूरे ही हैं।
विज्ञापन

सरला देवी, पूर्व प्रधान
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें