जच्चा-बच्चा की मौत के बाद परिजनों में आक्रोश पनप गया। उन्होंने जमकर हंगामा किया। सूचना पर जिलाधिकारी डीएम सीपी सिंह ने एसडीएम ललित कुमार, सोरों कोतवाली प्रभारी अनिल कुमार, डिप्टी सीएमओ डॉ. अविनाश को मौके पर भेजा। अफसरों ने परिजनों को समझा बुझाकर शांत किया और कार्रवाई का भरोसा दिया। मृतका के पति की तहरीर के आधार पर पुलिस ने हॉस्पिटल संचालक एवं आशा मिथलेश के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।
जांच को पहुंचे तो एसडीएम को बंद मिला हॉस्पिटल
जच्चा-बच्चा की मौत के मामले में जिलाधिकारी सीपी सिंह के निर्देश पर नगरिया जांच को पहुंचे एसडीएम ललित कुमार को चिकित्सालय बंद मिला। एसडीएम ने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से अस्पताल के रजिस्ट्रेशन आदि के बारे में जानकारी ली तो स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि अस्पताल का कोई लाइसेंस नहीं है। आशा की मिलीभगत के मामले में भी एसडीएम ने जांच पड़ताल की है।
अवैध है अस्पताल
जच्चा-बच्चा की मौत के मामले में स्वास्थ्य विभाग ने भी जांच की। इसमें अस्पताल अवैध पाया गया है। डिप्टी सीएमओ डॉ. अविनाश कुमार ने अस्पताल संचालक के खिलाफ सोरों कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराया है।
जिलाधिकारी सीपी सिंह ने बताया कि घटना की जानकारी मिलने पर एसडीएम और स्वास्थ्य विभाग के अफसरों को मौके पर भेजा। पूरे प्रकरण की जांच कराई जा रही है। अस्पताल किस आधार पर संचालित किया जा रहा था। इसकी भी जांच करा रहे हैं।
डिप्टी सीएमओ डॉ. अविनाश कुमार ने बताया कि मृतका के पति ने भी मुकदमे के लिए तहरीर दी है। स्वास्थ्य विभाग की ओर से भी मुकदमा दर्ज कराया गया है। पूरे मामले की जांच कर रहे हैं।