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Education: सरकारी स्कूल के बच्चों को किताबें मिलीं या नहीं, मोबाइल एप रखेगा नजर; जानें क्या है नई व्यवस्था

Mon, 17 Aug 2026 07:52 AM IST
Dhirendra Singh अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा

सार

सरकारी स्कूलों में किताबों और कार्यपुस्तिकाओं के वितरण की शत-प्रतिशत फीडिंग अब प्रेरणा पोर्टल पर अनिवार्य होगी। इससे विभाग को पता चलेगा कि किन स्कूलों में किताबें पहुंचीं और कितने बच्चों को वितरण हुआ, लापरवाही पर बीईओ के खिलाफ कार्रवाई होगी।
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स्कूलों में वितरित होने के लिए रखीं किताबें। - फोटो : mathura
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 स्कूलों में किताबें पहुंचीं या नहीं, अब इसका हिसाब कागजों में नहीं छिप सकेगा। बेसिक शिक्षा विभाग में पाठ्य-पुस्तकों और कार्य पुस्तिकाओं के वितरण की शत-प्रतिशत डीसीएफ फीडिंग प्रेरणा पोर्टल पर करनी होगी। केवल किताबें बांट देना ही पर्याप्त नहीं है। उनका रिकॉर्ड भी पोर्टल पर दर्ज करना होगा। फीडिंग पूरी नहीं होने पर संबंधित खंड शिक्षा अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई के लिए शासन को पत्र भेजा जाएगा।
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बीएसए डॉ. राकेश सिंह ने बताया कि जिलाधिकारी मनीष बंसल की अध्यक्षता में हुई जनपद स्तरीय टास्क फोर्स की बैठक में बेसिक शिक्षा विभाग की योजनाओं की समीक्षा के दौरान यह फैसला लिया गया था। निर्देश दिए गए कि जिन विद्यालयों में बच्चों को किताबें और कार्य पुस्तिकाएं वितरित की जा चुकी हैं, उनका विवरण प्रेरणा पोर्टल पर दर्ज किया जाए।
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इससे विभाग यह देख सकेगा कि कितने विद्यालयों में किताबें पहुंची, कितने विद्यार्थियों को उनका वितरण हुआ और किन विद्यालयों की फीडिंग अभी बाकी है। यानी किताबों के वितरण का दावा अब पोर्टल के आंकड़ों से भी परखा जा सकेगा।
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