सेल्फ फाइनेंस कॉलेज एसोसिएशन के पदाधिकारी परीक्षा नियंत्रक और दिन एकेडमिक को ज्ञापन सौंपते हुए।
आगरा। सेल्फ फाइनेंस कॉलेज एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने डॉ. आंबेडकर विश्वविद्यालय की प्रयोगात्मक परीक्षा समिति से बृहस्पतिवार को मुलाकात की। नेतृत्व एसोसिएशन के अध्यक्ष चौधरी कृपाल सिंह आर्य ने किया। औटा अध्यक्ष पुष्पेंद्र चौधरी, औटा महामंत्री संजय मिश्रा और प्रोफेसर अनिल गुप्ता को चार सूत्री ज्ञापन सौंपा गया।
मीडिया प्रभारी बृजेश शर्मा ने बताया कि ज्ञापन में मांग की गई है कि प्रयोगात्मक परीक्षाओं में 60 विद्यार्थियों के बैच का जो आदेश जारी है, उसे वापस लेकर 100 विद्यार्थियों के बैच के आधार पर ही परीक्षाएं कराई जाएं। इससे टीचर्स को टीए और डीए ज्यादा देना नहीं पड़ेगा। विधि एवं बीएड की परीक्षाओं को वार्षिक प्रणाली में ही संचालित करें, सेमेस्टर प्रणाली से संबंधित आदेश को वापस लें।
कहा गया कि प्रयोगात्मक परीक्षाओं के दौरान लागू जियो टैगिंग व्यवस्था ठीक नहीं है। परीक्षा के समय फोटो अपलोड करने में नेटवर्क की समस्या होती है। नियुक्त परीक्षक के लिए लागू ओटीपी आधारित उपस्थिति प्रणाली को समाप्त किया जाए। उन्होंने कहा कि परीक्षक की उपस्थिति की जिम्मेदारी महाविद्यालय प्रशासन पर ही होनी चाहिए। इस दौरान महामंत्री डॉ. राजीव सिंह, उपाध्यक्ष श्याम चौधरी, उपाध्यक्ष मानवेंद्र सिंह, वरुण सिकरवार सहित कई महाविद्यालय संचालक मौजूद रहे।