आगरा। शाहगंज में चार साल पहले भाजयुमो के महानगर अध्यक्ष शैलू पंडित और उनके दोस्तों पर फायरिंग और एससी-एसटी एक्ट के मामले में आरोपी आसिफ बेग को कोर्ट ने दोषी माना। उसे आजीवन कारावास की सजा से दंडित किया। वहीं उसके एक साथी को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया।
त्रिवेणी नगर, गढ़ी भदाैरिया निवासी गोगा माैर्या ने 25 फरवरी को थाना शाहगंज में शिकायत की थी। 24 फरवरी, 2022 की रात करीब 9 बजे अपने दोस्त शैलू पंडित, जीतू प्रजापति, नितिन पाराशर के साथ कार से घर जा रहे थे। रास्ते में सत्तो लाला की दुकान के पास दूध पीने के लिए रुके थे। तभी एक कार रुकी। इसमें शाहगंज के सोरों कटरा निवासी आसिफ बेग सहित तीन अज्ञात लोग गाड़ी से उतरते ही गाली देने लगे। विरोध पर पिटाई की। वह लोग दोस्तों के साथ जान बचाकर भागे। आसिफ बेग ने पीछे से फायरिंग कर दी। सभी लोग बाल-बाल बच गए। इसके बाद आरोपी ने गाड़ी में तोड़फोड़ की। अभियोजन पक्ष की तरफ से वादी, भाजयुमो महानगर अध्यक्ष शैलू पंडित सहित छह गवाह कोर्ट में पेश किए। विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट शिवकुमार ने सोरो कटरा निवासी आसिफ बेग को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। आरोपी शाहिद बेग को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया।