आगरा के शमसाबाद क्षेत्र के गढ़ी जहान स्थित एसएसएनडी स्कूल में नकली शराब का कारखाना चल रहा था। पुलिस ने शुक्रवार को स्कूल में दबिश देकर 10 लोगों को पकड़ लिया। स्कूल से अल्कोहल, स्पिरिट और शराब बनाने के उपकरण बरामद हुए हैं। शराब की बिक्री आधी कीमत में आसपास के जिलों के ठेकों पर की जाती थी।
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एसएसपी बबलू कुमार ने बताया कि होली पर शराब की खपत बढ़ जाती है। ऐसे में शराब माफिया सक्रिय हो गए हैं। शमसाबाद पुलिस को शुक्रवार को गढ़ी जहान के मोड़ पर स्कूल में नकली शराब बनाने की सूचना मिली थी।
दबिश देकर दस आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें स्कूल के दो संचालक भी शामिल हैं। अल्कोहल, आरओ के पानी और स्पिरिट में रंग, एसेंस मिलाकर देशी शराब तैयार करते थे।
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शराब को पौवे में भरने के बाद पैकिंग, ब्रांड का रेपर, बार कोड आदि मशीन से लगाए जाते थे। हरियाणा से अल्कोहल लेकर आते थे। शराब की एक पेटी को आधे से कम कीमत में बिक्री के लिए तीन लोग आसपास के जनपदों में ले जाते थे।
स्कूल संचालक हुए फरार
जिस स्कूल में शराब का कारखाना पकड़ा गया, वो गढ़ी जहान के भोला और देवीराम का है। दोनों फरार हो गए हैं। स्कूल की मान्यता कक्षा 10 तक है। 300 विद्यार्थी हैं।
स्कूल में एक तरफ कक्षाएं चलती हैं तो दूसरी तरफ दो बड़े कमरों में शराब बनाई जा रही थी। शराब बनाने के लिए अल्कोहल, स्पिरिट हरियाणा से वीरेंद्र सिंह तोमर और कृष्णकांत लेकर आते थे, जबकि भोला कारखाना में काम कराता था।
पुलिस ने गुतिला निवासी कृष्णकांत शर्मा, वीरेंद्र सिंह तोमर, टीकम, अंकुर शर्मा, गढ़ी जहान निवासी अरविंद, निबोहरा निवासी अशोक कुमार, तेहरा निवासी कृष्ण कुमार, इरादतनगर निवासी गोपाल, सैंया निवासी रूपेश, जंगजीत नगर निवासी मोनू मुद्गल को गिरफ्तार किया है। वहीं शमसाबाद के गढ़ी जहान निवासी भोला और देवीराम फरार हो गए।
यह हुई बरामदगी
40200 ढक्कन, 27040 पौवे, 2.84 लाख रुपये, एक बोलेरो, एक वैगनआर कार, 750 लीटर मिश्रित अल्कोहल, 4900 लीटर स्पिरिट, पांच बोतल एसेंस, स्पिरिट में मिलाने के लिए दस किलोग्राम रंग, रैपर, ब्रांड और बार कोड के बंडल तीव्रता मापने का यंत्र सहित कारखाना का सामान बरामद किया।