आरोपी को बताया मानसिक बीमार
जिसमें उल्लेख किया है कि ऊदल सिंह मानसिक रूप से कमजोर हैं। जिसके कारण घर में तनाव व झगड़ा रहता है। गुरुवार रात उसने ईंट से प्रहार कर दिया। इससे फूला देवी की मौत हो गई। सीओ सकीट विक्रांत द्विवेदी ने बताया कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट धारा 304 आईपीसी में दर्ज की गई। हत्यारोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है।
10 साल के बेटे के सामने की वारदात
ऊदल सिंह का यह पैतृक घर नहीं है। उससे करीब 500 मीटर दूर वह अपनी पत्नी-बच्चों के साथ यहां रहता था। उसके दो पुत्र और दो पुत्रियां हैं। सबसे बड़ी बेटी की शादी हो चुकी है। जबकि बड़ा बेटा हैदराबाद में किसी कंपनी में प्राइवेट नौकरी करता है। दूसरी बेटी बहन के घर गई हुई थी। घर में केवल 10 वर्षीय छोटा बेटा प्रशांत ही मौजूद था।
उसे भी आभास न था कि अचानक से इतनी बड़ी घटना हो जाएगी। जब ऊदल सिंह ने जब फूला देवी के सिर पर ईंटों से प्रहार किए, उस समय भी वह घर में था। यह दृश्य देखकर बुरी तरह डर गया। भागकर बाहर गया और अन्य परिजनों को इसकी जानकारी दी।
शुक्रवार को पोस्टमार्टम हाउस पर मैनपुरी जनपद के भोगांव निवासी फूला देवी के चचेरे भाई देवेंद्र सिंह ने बताया कि एक व्यक्ति अपनी पत्नी के साथ ऐसा कैसे कर सकता है। शक है अन्य लोग भी इस हत्याकांड में शामिल हैं। पूरी साजिश के तहत इसे अंजाम दिया गया है। इस दौरान पोस्टमार्टम हाउस पर ससुरालीजनों व मायके पक्ष के लोगों में नोंकझोक भी हुई।
मायकेवालों को आशंका- साजिश से कराई गई हत्या
महिला की हत्या के मामले में भले ही तहरीर सामान्य दी गई है। जिसमें केवल उसके पति को ही आरोपित किया गया है। लेकिन मायकेवालों को संदेह है कि महिला की हत्या साजिश के तहत कराई गई है। उधर, घटना के समय घर में मौजूद 10 साल का पुत्र अपनी मां की हालत और पिता के अमानवीय कृत्य को देखकर बुरी तरह सहम गया।