ऐसे में आगरा में पर्यटन को बढ़ावा नहीं मिल पा रहा। लंबे समय से आगरा के पर्यटन उद्यमी इंटरनेशनल हवाई अड्डे की मांग कर रहे हैं लेकिन भाजपा सरकार ने जेवर में एयरपोर्ट का तोहफा दे दिया। आगरा के लोग एक बार फिर से ठगे रह गए। टूरिस्ट गिल्ड के राजीव सक्सेना का कहना है कि आगरा में अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा होने से पर्यटन में बड़ा बदलाव आएगा।
3. यमुना रिवर फ्रंट
ताजमहल से लेकर रामबाग के बीच यमुना किनारे के दोनों ओर साबरमती नदी की तर्ज पर यमुना रिवर फ्रंट बनाने की घोषणा की गई थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आगरा में ताजमहल पर सफाई अभियान की शुरुआत के समय जब आगरा आए, तब उन्होंने चमेली फर्श से आगरा किले की ओर देखते हुए अधिकारियों को यमुना रिवर फ्रंट की योजना बनाने के निर्देश दिए थे। उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग को यह जिम्मा सौंपा गया। पांच साल में यमुना रिवर फ्रंट की डीपीआर भी तैयार नहीं हो सकी है। इसलिए यह प्रस्ताव अभी तक कागजों तक सीमित है।
4. आईटी पार्क
ताज ट्रिपेजियम जोन में प्रदूषण रहित उद्योग लगाने की अनुमति है। ऐसे में आगरा में प्रदूषण रहित आईटी पार्क बनाने की मांग पिछले 10 साल से की जा रही है। थीम पार्क के लिए 1400 एकड़ जमीन इनर रिंग रोड के पास अधिग्रहण की गई थी, यह जमीन खाली पड़ी है। आगरा के उद्यमी इसी जमीन पर 500 एकड़ में आईटी पार्क बनाने की मांग कर रहे हैं। युवाओं को यहीं पर आईटी से संबंधित नौकरियां मिल सकती हैं। इस मांग पर भी अभी तक कोई ठोस कवायद नहीं हुई है।