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खटारा हाल में आगरा की एंबुलेंस सेवा: दवाओं का डिब्बा खाली, लाइट भी टूटी, गर्भवती महिलाओं को पहुंचा रहे अस्पताल

Wed, 18 Aug 2021 12:11 PM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क अमर उजाला, आगरा

सार

एंबुलेंस में जगह-जगह पर जंग लगी है। लाइटें भी खराब मिलीं। ऐसी ही खटारा हाल एंबुलेंस में गर्भवती और प्रसूताओं को लाया जा रहा है। इससे उनको परेशानी भी उठानी पड़ रही है।
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102 एंबुलेंस आगरा - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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शहर में चल रहीं कई सरकारी 102 एंबुलेंस खटारा हो चुकी हैं। इनमें मरीजों के लिए इमरजेंसी में आवश्यक दवाएं ही नहीं हैं। एसी हैं, लेकिन कार्य नहीं कर रहे। एंबुलेंस में जगह-जगह पर जंग लगी है। लाइटें भी खराब मिलीं। ऐसी ही खटारा हाल एंबुलेंस में गर्भवती और प्रसूताओं को लाया जा रहा है। इससे उनको परेशानी भी उठानी पड़ रही है।

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स्वास्थ्य विभाग से नहीं मिलतीं दवाएं
शहर में 102 सेवा की 10 एंबुलेंस हैं, जिनमें से तीन खटारा हैं, इनको बदला जाएगा। इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी है। दवाओं की बात करें तो स्वास्थ्य विभाग से नहीं मिलती हैं। लाइट समेत अन्य कमियों को ठीक कराया जा रहा है। - शिवेंद्र मिश्रा, 102 एंबुलेंस सेवा प्रभारी

एंबुलेंस स्टाफ दवा लेने नहीं आता
एंबुलेंस में चिकित्सकीय मानक पूरा करने के लिए कहा है, कौन सी एंबुलेंस खटारा हैं, इनकी पता कर इनके स्थान पर नई एंबुलेंस के लिए प्रभारी से कहा है। एंबुलेंस का स्टाफ दवाएं लेने ही नहीं आता है। उनसे दवाएं लेने के लिए निर्देशित करता हूं। - डॉ. अरुण श्रीवास्तव, सीएमओ
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सरकारी एंबुलेंस में खाली पड़ा फर्स्ट एड बॉक्स - फोटो : अमर उजाला
दृश्य एक: किट में दवाएं नहीं, लाइटें भी टूटी हुई
लेडी लॉयल के बाहर प्रसूताओं लेकर जाने वाली एक एंबुलेंस का हाल देखा तो इसमें फर्स्ट एड किट खाली पड़ा था। इसमें इमरजेंसी दवाएं तक नहीं थी। पीछे की दो लाइटें और आगे की एक लाइटें टूटी हुई थी। एंबुलेंस की बॉडी कई जगह जंग लगी हुई थी। अग्निशमन सिलिंडर नहीं था। इसी खटारा हाल में गर्भवती महिलाओं और प्रसूताओं को लाया जाता है।

दृश्य दो: अग्निशमन सिलिंडर नहीं, रस्सी से बंधा फुट स्टैंड
मंगलवार को ऐसी ही खटारा हाल एक और एंबुलेंस गर्भवती को लाती हुई दिखी। एंबुलेंस के लिए आवश्यक अग्निशमन सिलिंडर नहीं था। मेडिसिन किट का बॉक्स भी खाली पड़ा था। इमरजेंसी की दवाएं इसमें भी नहीं थीं। एंबुलेंस का एसी भी खराब पड़ा था। मरीजों के चढ़ने के लिए बना फुट स्टैंड भी टूटा हुआ था, जिसे रस्सी से बांधा हुआ था।  

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