किसान ट्रेन में आलू लादते मजदूर
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आगरा से उत्तर मध्य रेलवे की पहली किसान ट्रेन (मालगाड़ी) 270 टन आलू का लदान करके यमुना ब्रिज रेलवे स्टेशन से पूर्वोत्तर के राज्य असम के छांगसारी के लिए सोमवार को तड़के साढ़े चार बजे रवाना हुई। सात सितंबर को यह ट्रेन छांगसारी पहुंचेगी। आगरा के किसानों का आलू पूर्वोत्तर की मंडियों में विक्रय किया जाएगा।
आगरा की आलू बेल्ट के किसानों का आलू शीतगृहों में रखा हुआ था। इस साल आलू की अत्यधिक उपज हुई है। उत्तर मध्य रेलवे के आगरा मंडल ने किसान ट्रेन चलाने की पहल की। इसके लिए दो माह से आलू उत्पादक किसानों से बातचीत चल रही थी। यमुना ब्रिज स्टेशन पर रविवार की शाम से आलू का लदान शुरू किया गया।
आगरा मंडल के वाणिज्य प्रबंधक एसके श्रीवास्तव ने बताया कि माल भाड़े में 50 फीसदी की छूट दी गई है। एक बोगी के 18 लाख की जगह नौ लाख रुपये ही चुकाने पड़े हैं। इसमें सभी तरह के कच्चे माल में रेलवे यह सब्सिडी देगा। यह ट्रेन सितंबर में पूरे माह हर सोमवार को आगरा का आलू लेकर पूर्वोत्तर के राज्यों में पहुंचेगी।
व्यापारी अपना माल मालगाड़ियों से परिवहन करें
मंडल रेल प्रबंधक कार्यालय में सोमवार को डीआरएम आनंद स्वरूप ने कहा कि मंडल में यमुना ब्रिज, कुबेरपुर, मथुरा, होडल, शोलाका, खेड़ली, रामगढ़ जैसे लोडिंग स्टेशनों से व्यापारी अपना माल पार्सल ट्रेन व मालगाड़ियों से परिवहन करें। उन्होंने माल लोडिंग को लेकर दी जा रही रियायतों की जानकारी भी दी। व्यवसायियों ने जूते का माल मुंबई भेजने के लिए भी प्रस्ताव रखा।