जिन अभ्यर्थियों के पते उपलब्ध हैं, उनको डाक से पत्र भेजकर अवगत कराया जाएगा, उनका पक्ष पूछा जाएगा। इसके अलावा सभी चिह्नित अभ्यर्थियों की सूची विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर डाल दी जाएगी। दो समाचार पत्रों में विज्ञापन भी दिया जाएगा।
अभ्यर्थियों से कहा जाएगा कि वो सूची देखकर 15 दिन के अंदर अपना पक्ष विश्वविद्यालय के समक्ष प्रस्तुत कर दें। अभ्यर्थियों के सामने न आने पर एसआईटी की सूची को सही मानते हुए संबंधित अंकतालिकाओं को निरस्त कर दिया जाएगा।
प्रवेश और पढ़ाई के साक्षय देने होंगे
अंकतालिकाएं निरस्त करने से पहले एसआईटी की सूची सार्वजनिक की जाएगी। अभ्यर्थियों को 15 दिन का समय दिया जाएगा। वह अपना पक्ष रख सकते हैं, प्रवेश लेने और पढ़ाई करने के साक्ष्य देने होंगे। पक्ष न रखने पर अंकतालिकाओं को निरस्त कर दिया जाएगा। - केएन सिंह, कुलसचिव, डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय