डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय के खंदारी परिसर में संचालित इंजीनियरिंग संस्थान ने गांव के चयन की प्रक्रिया शुरू कर दी। शहर के आसपास के गांवों को देखा जा रहा है। गांव को गोद लेकर वहां की समस्या के आधार पर कार्ययोजना बनाकर काम किया जाना है।
हर ब्रांच गोद लेगी एक गांव
‘संस्थान में इंजीनियरिंग की पांच ब्रांच है। प्रत्येक ब्रांच को एक-एक गांव गोद दिया जाएगा। गांवों की प्रगति रिपोट भी एमएचआरडी को भेजी जाएगी।’ - प्रो. वीके सारस्वत, निदेशक, आईईटी, आंबेडकर विश्वविद्यालय
आरबीएस कैंपस ने काम शुरू किया
उनके संस्थान ने पांच गांवों का चयन करके निर्धारित फार्मेट पर सर्वे का काम शुरू भी कर दिया है। रिपोर्ट एमएचआरडी को भेजी जाएगी। वहां से आगे के लिए जो भी दिशा-निर्देश प्राप्त होंगे, उस पर काम किया जाएगा। - डॉ. बृजेश कुशवाहा, निदेशक, आरबीएस इंजीनियरिंग टेक्निकल कैंपस, बिचपुरी