आगरा की मंडलायुक्त रितु माहेश्वरी ने बृहस्पतिवार को नगर निगम, जल निगम और स्मार्ट सिटी के कार्यों की समीक्षा भी की। उन्होंने तीन नए एसटीपी बनाने और 38 खुले नालों को टैप कराने के निर्देश दिए। स्मार्ट सिटी के कार्यों के रखरखाव को देखने वाली फर्म को चेतावनी दी। कहा कि नवंबर तक व्यवस्था सुधार लें वरना कंपनी को काली सूची में डाल देंगे। वहीं सफाई व्यवस्था पटरी पर उतरने पर भी उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई। इसकी कंपनी को भी नवंबर तक सुधार का मौका दिया गया।
मंडलायुक्त लघु सभागार में समीक्षा बैठक की गई। जल निगम के अधिकारियों ने बताया कि शहर में 7 एसटीपी संचालित हैं, जबकि तीन नये एसटीपी बनने हैं। जमीन चिह्नित कर निर्माण शुरू कराएं। खराब एलईडी लाइटों और तिरंगी लाइटों को जल्द ठीक कराने के लिए कहा। मंडलायुक्त ने कहा कि मुख्य सड़कों के किनारे टॉयलेट नहीं दिखते हैं। 10 नये पिंक टॉयलेट और 20 सामान्य नये टॉयलेट बनवाएं।
स्मार्ट सिटी एमएसई प्रोजेक्ट की समीक्षा में पाया गया कि संबंधित कंपनी ने अभी तक सॉफ्टवेयर, सीसीटीवी कैमरे और सिग्नल का मेंटेनेंस नहीं किया है। मंडलायुक्त ने कंपनी के प्रतिनिधियों को 25 नवंबर तक का समय दिया। कहा कि इसके बाद कंपनी को ब्लैक लिस्ट किया जाएगा।
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गंदगी और कूड़े के ढेर, ये कैसी सफाई
सफाई व्यवस्था पर मंडलायुक्त ने कड़ी नाराजगी जताई। कहा कि मैन पावर और संसाधन होने के बावजूद सफाई व्यवस्था ठीक नहीं है। जगह-जगह गंदगी, कूड़े के ढेर व प्लास्टिक कचरा दिखाई देता है। ये कैसी सफाई है। मंडलायुक्त ने कहा कि खानापूरी नहीं करें। सफाई कर्मचारी ड्रेस में दिखने चाहिए। जो सफाई कर्मी काम नहीं करते हैं, उनको हटाएं।
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