कैप्टन कूल महेंद्र सिंह धोनी एक बार फिर सुपरकूल साबित हुए। माही ने खतरों से भरी पैराजंपिंग को बच्चों का खेल बना दिया। कानपुर आर्डिनेंस फैक्ट्री में बना पैराशूट लेकर एयरफोर्स के विमान एएन-32 से इतने आराम से कूद गए, मानो विकेट के पीछे आसान सा कैच पकड़ा हो। खेरिया एयरपोर्ट से 10 किलोमीटर दूर गामरी के पैराड्रापिंग जोन में एमएस 1250 फुट ऊंचाई से 58 सेकेंड में एकदम परफेक्ट पोजीशन में मुस्कुराते हुए उतरे। सुरक्षा घेरा बनाते हुए साथ उतरे 37 सैन्य अधिकारियों से खुशी जाहिर करते हुए कहा, आज मेरे जीवन का एक हसीन सपना पूरा हो गया।
छह अगस्त को आगरा आए टीम इंडिया केवन-डे कैप्टन ने पैराजंपिंग ट्रेनिंग के 13वें दिन बुधवार सुबह ठीक 7:12 बजे सबसे पहले और अकेले छलांग लगाई। 7:14 बजे एक और पैराट्रूपर कूदा। इसके बाद उनकी सुरक्षा में लगे 36 सैन्य अधिकारियों के पैराट्रूपर ग्रुप ने दो-दो मिनट के अंतराल में 12-12 की टुकड़ियों में छलांग लगाई। एमएस की पैराजंपिंग से पहले ही मलपुरा क्षेत्र के गामरी पैराड्रापिंग जोन के चप्पे-चप्पे पर सेना ने सुरक्षा का मजबूत कवच बना दिया था। छलांग लगाने से जमीन पर उतरने तक के 58 सेकेंड में धोनी की शारीरिक संतुलन एकदम परफेक्ट रहा। पहली बार की जंप में पैराट्रूपर के जमीन पर उतरते समय लड़खड़ाकर गिर जाने का खतरा रहता है लेकिन धोनी ने बड़े आराम से ऐसे कदम रखे, जैसे मंझे हुए पैराट्रूपर हों।
इसके बाद उनकी डी-ब्रीफिंग हुई। इसमें उनसे पैराजंपिंग का अनुभव पूछा गया। सबसे पहला सवाल था, क्या आपको किसी तरह की परेशानी हुई? एमएस ने कहा, नहीं, कोई दिक्कत नहीं हुई, बहुत अच्छा लगा, आज मेरे जीवन का एक हसीन सपना सच हो गया। इसके बाद धोनी ने जिप्सी से आर्मी एयरबोर्न ट्रेनिग स्कूल (एएटीएस) वापस जाने से पहले पैराड्रापिंग जोन में लोगों की ओर मुस्कुराते हुए हाथ हिलाया। उन्हें देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग सुबह छह बजे ही पहुंच गए थे।
आज दो छलांग संभव
धोनी की 15 दिन ट्रेनिंग का गुरुवार को 14वां दिन है। उन्हें तीन जंप लगानी थीं। एक बुधवार को हो गई। आज उनकी दो छलांग हो सकती हैं।
कल आ सकती हैं साक्षी
धोनी की ट्रेनिंग से जुड़े सूत्रों का कहना है कि शुक्रवार को उनकी पत्नी साक्षी भी आगरा आ सकती हैं। माही उनके साथ ताजमहल का दीदार करने जा सकते हैं।