आगरा में सर्दी और बढ़ते कोरोना संक्रमण के कारण पिछले 15 दिनों में आयुर्वेदिक औषधियों की मांग तीन से पांच गुना बढ़ गई है। इसमें काढ़ा, खांसी का चूर्ण, च्यवनप्राश, एनर्जी बूस्टर की मांग सबसे ज्यादा है। आगरा रिटेलर केमिस्ट एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. आशीष ब्रह्म भट्ट ने बताया कि कोरोना वायरस और वायरल फ्लू के कारण लोगों को जुकाम-खांसी, खराश, गले में दर्द, बुखार और सीने में जकड़न जैसी परेशानी हो रही है।
इसके चलते आयुर्वेद दवाओं की मांग बीते 15 दिन में पांच गुना तक बढ़ गई है। सबसे ज्यादा बिकने वाली दवाओं में खांसी वाला चूर्ण, शहद, च्यवनप्राश, एनर्जी बूस्टर, काढ़े का तैयार चूर्ण है। घरों में बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक इनका उपयोग कर रहे हैं।
काढ़ा पीएं, नमक के पानी से करें गरारे
आयुष विभाग के डॉक्टर लोकेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि कोरोना वायरस और गलन भरी सर्दी के कारण लगभग हर परिवार में जुकाम खांसी के मरीज हैं। इससे बचने के लिए लोग दिन में सुबह-शाम दो बार काढ़ा पी सकते हैं। ड्राई फ्रूट्स, चने और मूंगफली भी खाएं, जिससे शरीर को ताकत मिलेगी। खासतौर से शाम को हल्दी वाला दूध जरूरी है। गले में खराश होने पर गुनगुने पानी में नमक डालकर गरारे करें, जिससे गले के बैक्टीरिया नष्ट हो जाएंगे।