फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कासगंज: 'मृतक' ले रहे किसान सम्मान निधि का लाभ, सत्यापन में हुआ खुलासा, अब होगी रिकवरी

Sun, 29 Aug 2021 05:53 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क,अमर उजाला, कासगंज

सार

कासगंज जिले के 5300 अपात्र किसान सम्मान निधि की धनराशि ले रहे हैं। इस पर कृषि विभाग में खलबली मची हुई है। 
विज्ञापन
किसान सम्मान निधि (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

कासगंज जिले में जिम्मेदारों की अनदेखी से मृत किसानों के खातों में प्रधानमंत्री किसा सम्मान निधि की धनराशि पहुंचती रही। सत्यापन में इसका खुलासा हुआ। अब यह जांच की जा रही है कि किन-किन मृतकों के खातों में कितने-कितने महीनों की धनराशि पहुंची है।

विज्ञापन


शासन स्तर पर हुई जांच में पाया गया कि कासगंज जिले के 5300 अपात्र किसान सम्मान निधि की धनराशि ले रहे हैं। इस पर कृषि विभाग में खलबली मची और मामले में सत्यापन शुरू हुआ। अब तक किए गए सत्यापन में पाया गया है कि 800 किसान ऐसे हैं जो मरने के बाद भी सम्मान निधि का लाभ पा रहे हैं। उनके खाते में हर माह धनराशि पहुंच रही है। 

हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि किस मृतक के खाते में कितने महीनों की धनराशि पहुंची है। विभाग अब रिकवरी की तैयारी कर रहा है। तमाम मृतकों के परिजन तो ऐसे रहे होंगे, जिन्होंने एटीएम के माध्यम से धनराशि निकाल ली होगी। ऐसे में धनराशि की रिकवरी भी चुनौती ही होगी। 

विज्ञापन
विज्ञापन

इन अपात्रों के खातों में भी पहुंची धनराशि
अब तक सत्यापन में यह भी पाया गया है कि मृतकों के अलावा 250 ऐसे भी अपात्र हैं, जो पति-पत्नी हैं और दोनों के ही खातों में सम्मान निधि की धनराशि जाती रही। इनसे भी अब विभाग रिकवरी करेगा। जबकि अन्य अपात्रों का सत्यापन अभी भी जारी है।

जिला कृषि अधिकारी सुमित चौहान ने बताया कि पति-पत्नी दोनों को योजना का लाभ नहीं दिया जा सकता है। जिले में ढाई सौ अपात्र पाए जा चुके हैं। इसके अलावा 800 अपात्र ऐसे हैं, जिनकी मृत्यु हो चुकी है। परिजनों ने उनकी मृत्यु की सूचना नहीं दी। इसलिए धनराशि पहुंचती रही। सभी अपात्रों से रिकवरी होगी।


अपने शहर की खबरों से अपडेट रहने के लिए पढ़ते रहिए amarujala.com । अमर उजाला आगरा के फेसबुक पेज को लाइक और फॉलो करने के लिए यहां क्लिक कर सकते हैं। 
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें