वहीं उनके भारतीय स्टेट बैंक की शाखा के खाते से 10 हजार रुपये, मां के आईडीएफसी बैंक के खाते से 9999 रुपये ट्रांसफर कर लिए गए। इसके अलावा उनके पोस्टपेड पेटीएम एकाउंट से दो बार में 11 हजार और उनके नाना के पेटीएम एकाउंट से 19900 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर कर लिए गए।
किसी को नहीं दी जानकारी
ऋण की रकम भेजी, फिर निकाली
अभिषेक ने बताया कि 18 मई को पेटीएम में 33999 रुपये आए थे। यह रकम एक कंपनी से ऋण के रूप में आई थी। उन्होंने कोई ऋण नहीं लिया था। रकम आने के कुछ देर बाद ही 27999 रुपये काट भी लिए गए। अब ऋण की रकम उन्हें चुकानी होगी। वह समझ नहीं पा रहे हैं कि ऐसा किसने किया। मामले में थाना सिकंदरा में मुकदमा दर्ज किया गया है।