एप की मदद से वाहन चोर को भेजा जेल
तीन महीने पहले संजय प्लेस से एक वाहन चोर पकड़ा गया था। मगर, पकड़े जाने पर उसका कहना था कि वह बाइक पर बैठा हुआ था। ताला नहीं तोड़ रहा था। इस पर पुलिस को उसकी बातों पर शक हो गया। इस पर उसका फोटो एप पर डाला गया। इसमें पता चला कि वह पूर्व में थाना न्यू आगरा और हरीपर्वत से जेल जा चुका है। इस पर पुलिस ने उसके खिलाफ कार्रवाई की।
चोर होने का चला पता, दर्ज थे कई मुकदमे
थाना सैंया पुलिस ने एक साल पहले एक चोर पकड़ा था। वह खुद को बेगुनाह बता रहा था। मगर, पुलिस ने उसकी फोटो त्रिनेत्र पर डाली। इस पर उसके चोर होने का पता चला। उस पर कई मुकदमे दर्ज थे।
रजिस्टर का झंझट खत्म
पहले अपराधी के बारे में जानकारी जुटाने के लिए पुलिस रजिस्टरों को खंगालती थी। कई बार रजिस्टरों को मेंटेन नहीं किया जाता है। जिस वजह से अपराधियों का डाटा नहीं मिल पाता है। इस एप की मदद से जानकारी तो मिलेगी, साथ ही रजिस्टर खंगालने की भी जरूरत नहीं पड़ेगी।
फोटो से होता है मिलान
एसएसपी बबलू कुमार ने बताया कि एप में अपराधी की फोटो रखी जाती है। जब कोई संदिग्ध अपराधी पकड़ा जाता है तो उसकी फोटो खींचकर एप के सर्च आप्शन में डाली जाती है। अगर, अपराधी का पूर्व आपराधिक इतिहास है तो वह एक पल में एप से सामने आ जाता है। अगर, वो झूठ भी बोल रहा होगा तो भी पकड़ा जाएगा। इसमें पता चल जाएगा कि आरोपी पर कितने मुकदमे हैं? कब-कब जेल भेजा गया है? किस थाने से वांछित है? इन सब की जानकारी होगी।