पुलिस टीम ने इस एप के लिंक को लेकर अपने मोबाइल में इंस्टॉल किया है, लेकिन अभी इसकी जानकारी नहीं मिल सकी है। यदि, कोई पीड़ित सामने आता है तो पता चल जाएगा कि साइबर अपराधी इस एप की मदद से किस तरह से ठगी कर रहे हैं।
किसी अनजान को न बताएं ओटीपी व खाते के बारे में
लोगों को साइबर अपराध से बचाने के लिए पुलिस ने सोशल मीडिया पर मुहिम छेड़ी है। लोगों को बताया जा रहा है कि किसी अंजान व्यक्ति को अपना ओटीपी नहीं बताएं। कोई वैक्सीन के नाम पर पंजीकरण कराने के लिए कहे तो भी सावधान रहें। उन्हें अपने खाते की जानकारी नहीं देनी चाहिए। उनके खाते में किसी तरह की रकम जमा नहीं करें।
शासन की तरफ से कोई कॉल नहीं कराए जा रहे हैं, इसलिए किसी कॉल पर विश्वास न करें। कोई रुपयों की मांग करता है तो फोन काट दें। किसी तरह के लिंक को क्लिक न करें। किसी अंजान व्यक्ति के कहने पर मोबाइल पर किसी तरह का एप भी डाउनलोड नहीं करना चाहिए। लोगों को साइबर अपराध से बचाने के लिए फेसबुक, इंस्ट्राग्राम, ट्विटर, व्हाट्सएप पर संदेश पोस्ट करके जानकारी साझा की जा रही है।