कोरोना वासरस: टेस्ट सैंपल लेता कर्मचारी
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कोरोना की तीसरी लहर में एक तरफ मरीज बढ़ रहे हैं, दूसरी तरफ जांचें घट रही हैं। ऐसे में एक से दूसरे व्यक्ति में व्यापक रूप से संक्रमण फैलाव हो सकता है। इधर, संक्रमण से बचाव के इंतजाम सियासी माहौल में गुम हैं। कागजों में संक्रमण की रोकथाम हो रही है, जबकि संक्र मण की रफ्तार 24 घंटे में तीन गुना बढ़ गई। जिला प्रशासन की रिपोर्ट के मुताबिक बुधवार को 24 घंटे में 3921 लोगों की जांच की गई। जिनमें 652 संक्रमित मिले हैं। सक्रिय मरीजों का आंकड़ा 2096 पहुंच गया है। कुल संक्रमितों की संख्या अब 28 हजार के करीब है। मंगलवार को 4848 लोगों की जांच हुई थी और 277 मरीज मिले थे। पिछले 24 घंटे में ही कोरोना जांचों में 927 नमूनों की कमी आई है और 375 नए संक्रमित बढ़ गए हैं।
दूसरी लहर जैसे बन रहे हालात
अप्रैल 2021 में ताजनगरी में संक्रमण की दूसरी लहर आई थी। ऑक्सीजन, अस्पतालों में बेड, दवाओं को लेकर हाहाकार मचा था। दो साल के कोरोना काल में 31 अप्रैल को जिले में एक दिन में सबसे ज्यादा 793 संक्रमित मरीज मिले थे। 29 अप्रैल को 722 मरीज मिले थे। जिसके करीब नौ महीने बाद 12 जनवरी 22 को शहर में 652 संक्रमित मिले हैं। यह एक दिन में संक्रमितों का तीसरा सबसे बड़ा आंकड़ा है।
खांसी, जुकाम का शिकार
शहर में हर कोई खांसी, जुकाम का शिकार है। कोरोना में भी ऐसे ही लक्षण होते हैं। परंतु आबादी के अनुपात में जांचें नहीं होने से हालात बिगड़ रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि जनवरी के अंत तक संक्रमण का चरम खत्म हो जाएगा। डीएम प्रभु एन सिंह का कहना है कि दूसरी लहर जैसे हालात नहीं बनेंगे। संक्रमण घातक नहीं है। सीएमओ डॉ. अरुण श्रीवास्तव का कहना है कि जिन्हें लक्षण दिख रहे हैं वो स्वयं जांच करा सकते हैं। निजी लैब पर भी कोरोना जांच की सुविधा उपलब्ध है।