मैनपुरी। आगरा में कोरोना वायरस के छह पॉजीटिव केस मिलने के बाद जिले में भी दहशत बढ़ गई है। जिले के लोगों ने आगरा, दिल्ली सहित अन्य महानगरों से दूरी बनानी शुरू कर दी है। यही कारण है कि होली के त्योहारी सीजन में भी रोडवेज में करीब 15 प्रतिशत की गिरावट यात्रियों की संख्या में आई है।
जिले से बढ़ी संख्या में रोजाना लोग आगरा जाते हैं। कोरोना वायरस की दहशत के चलते आगरा जाने वालों की संख्या में गिरावट आ रही है। लोग आगरा, दिल्ली, कानपुर आदि महानगरों में जाने से बच रहे हैं। इसके साथ ही महानगरों में रह रहे घर परिवार के लोगों के साथ ही पढ़ाई कर रहे बच्चों को परिजनों ने वापस बुला लिया है। मैनपुरी डिपो के स्टेशन मास्टर सत्यदेव यादव ने बताया कि आगरा के लिए करीब 13 बजे मैनपुरी से संचालित हो रही हैं। पहले औसतन 30 से 35 यात्री एक बस में आगरा जाते थे। वर्तमान में यह संख्या घटकर 20 से 25 के करीब पहुंच गई है। इसी तरह दिल्ली रूट पर 30 बसे संचालित हैं। पहले 30 से 40 यात्री औसतन एक बस में दिल्ली जाते थे, अब यह संख्या घटकर 20 से 22 हो गई है।
इलाज के लिए भी नहीं गए दिल्ली
देवी रोड निवासी महेश मिश्रा ने अपनी बेटी सुरभि कात्यायन की ओपन हॉर्ट सर्जरी दिल्ली के एम्स अस्पताल में कराई थी। समय-समय पर चेकअप के लिए उन्हें दिल्ली जाना पड़ता है। महेश मिश्रा के अनुसार डॉक्टरों ने 14 मार्च के आसपास का समय देने की बात कही, लेकिन कोरोना वायरस के चलते उन्होंने छह मई की तारीख ली है। उनका कहना है कि तब तक शायद स्थिति सामान्य हो जाए।
वीआईपी गेस्ट आउस को बनाया सेफ हाउस
कोरोना वायरस को लेकर जिले में लगातार इंतजार किए जा रहे हैं। जिला अस्पताल में वार्ड आरक्षित किया गया है। साथ ही बाहर से आने वाले लोगों की निगरानी की जा रही है। करहल स्थित वीआईपी गेस्ट हाउस को सेफ हाउस बनाया गया है। स्वास्थ्य विभाग ने गेस्ट हाउस का निरीक्षण करके जरूरी इंतजाम पूरे कर लिए हैं। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार इस वार्ड में विदेश से आने वाले लोगों को 14 दिन की निगरानी में रखा जाएगा।
घबराएं नहीं, सावधान रहें
स्वास्थ्य विभाग लगातार लोगों से अपील कर रहा है कि वह घबराएं नहीं, सिर्फ सावधानी बरतें। जिला अस्पताल के चिकित्सक डॉ. अभिषेक दुबे का कहना है कि यह वायरस संक्रमित मरीज के सीधे संपर्क में आने से फैलता है। संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छींकने पर यह वायरस आसपास के लोगों को प्रभावित करता है।
ये हैं लक्षण
-जुकाम, खांसी के साथ बुखार का आना।
-सांस लेने में परेशानी होना, सांस फूलना।
-सिर में तेज दर्द होना।
-मरीज की नाक का बहना।
यह सावधानी बरतें
-भीड़भाड़ वाले इलाके जैसे अस्पताल, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन पर जाने से बचें।
-हर आधे घंटे बाद हाथ साबुन से अच्छी तरह धोएं।
-खांसते और छींकते समय रूमाल का इस्तेमाल करें।
-हाथों को आंख, मुंह और नाक से न लगाएं।
डरें नहीं, सतर्क रहें
कोरोना वायरस से डरने की जरूरत नहीं है, जरूरत सिर्फ सावधानी बरतने की है। आपके आसपास अगर कोई व्यक्ति विदेश से आता है तो तत्काल स्वास्थ्य विभाग को सूचना दें। ज्यादा यात्रा करने से बचें।
- डॉ. एके पांडेय, सीएमओ