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कैंसर जीवन का अंत नहीं

Wed, 03 Feb 2016 02:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, आगरा
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कैंसर से जीवन का अंत नहीं, बशर्ते शुरूआत में ही इस बीमारी का पता लग जाए। सही समय पर इजाज हो तो इस पर भी विजय पाई जा सकती है। मथुरा स्थित नयति हास्पिटल यही जागरूकता फैलाने में जुटा हुआ है। इसी संदेश के साथ यहां के चिकित्सक रोगियों में जिंदगी की आस जगाने में जुटे हुए हैं।
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इसी क्रम में चार फरवरी को विश्व कैंसर दिवस के मौके पर अस्पताल में ‘होप फॉर कैंसर’ कार्यक्रम आयोजित होगा। इसमें ऐसे दस मरीजों को सम्मानित किया जाएगा, जो इलाज बाद पूरी तरह से ठीक हो चुके हैं। ये मरीज भी अन्य लोगों से कैंसर की जांच में देरी न बरतने की अपील करेंगे। सोमवार को यहां फतेहाबाद रोड स्थित होटल में मीडिया से रूबरू नयति अस्पताल के कैंसर रोग विशेषज्ञ डा. अनिल के धर ने बताया कि चार फरवरी को ही अस्पताल के स्पेशल कैंसर केयर यूनिट की भी शुरूआत होगी। उन्होंने इंडियन काउंसलिंग रिसर्च सेंटर के हवाले से बताया कि वर्ष 2012 से 2014 के बीच कैंसर रोगियों की संख्या में छह फीसदी वृद्धि हुई है। प्रो. शांतनु चौधरी ने बताया कि देश में सबसे बुरे हालात उत्तर प्रदेश के हैं। देश के कुल कैंसर मरीजों में 16 फीसदी सिर्फ उत्तर प्रदेश के हैं। समय पर जांच और इलाज कैंसर से बचा सकता है।

ये लक्षण तो फौरन जांच कराएं : डा. अनिल धर
डा. अनिल धर ने कैंसर से बचाव के लिए उन्होंने नियमित जांच कराते रहने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि  ये लक्षण दिखें तो फौरन जांच करानी चाहिए।  

मुंह के भीतर लंबे समय तक किसी तरह का घाव।
खोलने में कठिनाई या मुंह में सफेद-लाल धब्बे।
स्तन या शरीर के किसी हिस्से में गांठ या सूजन।
लगातार खांसी, गला बैठना, निगलने में परेशानी।
अचानक वजन बढ़ना, मल-मूत्र में खून आना।
मस्सा-तिल के आकार या रंग में बदलाव आना।

युवाओं को समझाया फिटनेस का मंत्र
अमर उजाला और नयति हास्पिटल का ‘भाग साथी भाग’ कार्यक्रम
तेज दिमाग है, लेकिन फिटनेस नहीं। दूसरी मंजिल पर चढ़े कि हांफना शुरू। ये सभी बीमारी के लक्षण हैं। चिकित्सकों ने इसी अंदाज में युवाओं को बिगड़ती फिटनेस के बारे में आगाह किया। अमर उजाला और नयति स्वास्थ्य संकल्प की ओर से सचदेवा कालेज और हरदयाल इंस्टीट्यूट में आयोजित ‘भाग साथी भाग’ कार्यक्रम आयोजित हुआ। यहां खेल-खेल में छात्रों की फिटनेस की परीक्षा ली गई। इसमें दौड़, स्टंट, ट्रेड मील पर चलने जैसी प्रतियोगिताएं हुईं तो मनोरंजन के लिए अंताक्षरी जैसे खेल भी। सभी खेलों में छात्र-छात्राओं ने बढ़चढ़कर भाग लिया। बेहतर पढ़ाई के लिए बेहतर फिटनेस जरूरी है, यह बताते हुए डाक्टरों ने छात्रों को सुबह घूमने, योग और व्यायाम की सलाह दी। कार्यक्रम समापन पर विजेता छात्रों को पुरस्कृत किया गया।
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